स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज। (फाइल फोटो)
हरियाणा सचिवालय में स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज के पास होम आइसोलेशन वाले मरीजों की लिस्ट लेकर पहुंचे स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को मंत्री की औचक निरीक्षण पर पसीना आ गया। विभाग के अधिकारियों ने कहा कि सभी जिलों में होम आइसोलेशन वाले मरीजों की यह लिस्ट है और स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सकों और कर्मचारियों की देखरेख में इनका इलाज चल रहा है।
विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने जब यह लिस्ट पेश की तो विज ने कहा कि मेरी इन मरीजों या उनके परिजनों से फोन पर बात करवाओ। मैं ऐसे नहीं मानूंगा कि इन मरीजों की देखरेख ठीक से हो रही है। हो सकता है विभाग के अधिकारी कागजों में ही देखभाल कर रहे हों। इतने में संबंधित अधिकारी दौड़ते हुए मंत्री के पीए को बुला लाए और एक कागज पर लिखे नंबर मिलवाने को कहा। मंत्री ने एक दो नंबरों पर बात करने के बाद वह कागज भी किनारे कर दिया और संबंधित अधिकारी को लिस्ट लाने को कहा।
जिसके बाद अधिकारी लिस्ट लेकर आए। लिस्ट में मौजूद लोगों और उनके परिजनों से बात करने के बाद मंत्री ने कहा कि इस मामले में मैं औचक चेकिंग करूंगा। यदि मुझे यह पता चला कि एक भी मरीज ऐसा है जो बिना स्वास्थ्य सेवाओं के कोरोना से जूझ रहा है तो सिस्टम की खैर नहीं होगी। इसलिए यह तय किया जाए कि सभी मरीजों की स्वास्थ्य विभाग की ओर से दी जा रही सुविधाएं दी जाएं। होम आइसोलेशन का मतलब यह बिल्कुल नहीं होना चाहिए कि मरीज को होम आइसोलेट करके उससे किनारा कर लिया जाए।