हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर
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कर्मचारियों को 7वें वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करने के लिए हरियाणा सरकार बड़ी कवायद करने जा रही है। आयोग की सिफारिशों के अध्ययन के लिए एक कमेटी का गठन किया है। इस कमेटी की रिपोर्ट आने के बाद राज्य में सातवें वेतन आयोग की सिफारिशें लागू कर दी जाएंगी। मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने इस कमेटी को अपनी मंजूरी दे दी है और शीघ्र ही यह कमेटी अपना काम शुरू कर देगी।
बुधवार को यह जानकारी हरियाणा के वित्त मंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने दी। उन्होंने बताया कि वर्तमान राज्य सरकार प्रदेश के कर्मियों को बिना देरी के सातवें वेतन आयोग का लाभ देगी और इसके लिए एक कमेटी का गठन किया गया है और यह कमेटी संभवत: अगले दो महीने में अपनी रिपोर्ट दे देगी, जिसके बाद सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू किया जाएगा।
राज्य सरकार केंद्र सरकार की सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करने के लिए गंभीर है और इसके लिए वित्तीय बजट में भी प्रावधान किया गया है। उन्होंने कहा की छठे वेतन आयोग की विसंगतियों को दूर करने के लिए गठित माधवन आयोग की रिपोर्ट पर शीघ्र ही निर्णय लिया जाएगा। माधवन कमीशन की रिपोर्ट का अध्ययन करने के लिए गठित अध्ययन कमेटी ने अपना काम भी पूरा कर लिया है। अध्ययन कमेटी अगले दो या तीन सप्ताह में वित्त विभाग को अपनी रिपोर्ट दे देगी।
कर्मचारियों को मिलेगा कैशलेस इंश्योरेंस
वित्त मंत्री ने बताया की सरकारी कर्मचारियों को मेडिकल के बिल पास करवाने और उनकी प्रतिपूर्ति लेने में आने वाली परेशानी को देखते हुए उनके लिए इंश्योरेंस कंपनियों के माध्यम से कैशलेस बीमा करवाने का निर्णय लिया गया है। इस संबंध में विभाग के अधिकारी बीमा कंपनियों से बात कर रहे हैं और आशा है कि जल्दी ही इस बारे में निर्णय हो जाएगा।