फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जानिए चुनावी बजट में किसको क्या मिला

Sat, 01 Mar 2014 12:05 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
विज्ञापन
विज्ञापन
इस बजट में पहले से लागू करों में भी कोई कटौती या बढ़ोतरी नहीं की गई है। खास बात यह भी रही कि मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा द्वारा बीते वर्ष 10 नवंबर को गोहाना में रैली के दौरान की गई घोषणाएं, मुख्यमंत्री द्वारा अपने आवास और दफ्तर में विभिन्न अवसरों पर की गई घोषणाएं और मंत्रिमंडल की बैठकों में किए गए निर्णयों को इस बजट में दोहराया गया है। बजट में कोई विजन न दिखाते हुए वित्त मंत्री हरमोहिंदर सिंह चट्ठा ने शुक्रवार को वित्त मंत्री चट्ठा ने कुल 59451.23 करोड़ रुपये का बजट पेश किया। इसमें आमदनी 59173 करोड़ रुपये बताई गई है। लिहाजा 278 करोड़ रुपये का घाटा अगले वित्त वर्ष के अंत में रहेगा।
विज्ञापन

जनकल्याण योजनाओं पर बजट बढ़ाया

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने बुढ़ापा, विकलांग और विधवा पेंशन 500 रुपये और 700 रुपये से बढ़ाकर 1000 रुपये प्रति महीना किया है, जिससे समाज कल्याण विभाग के बजट पर 1200 करोड़ रुपये का असर पड़ा है। पिछले साल इसके लिए 3216 करोड़ रुपये रखे गए थे, लेकिन अगले साल के लिए 4418 करोड़ रुपये रखे गए हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य सेवाएं मुफ्त कर दी हैं, जिसके लिए करीब 800 करोड़ रुपये का अतिरिक्त असर पड़ेगा। पिछले साल इसके लिए बजट में 2044 करोड़ रुपये रखे गए थे, जिन्हें इस बार 2804 करोड़ कर दिया गया है। वित्त मंत्री ने कहा कि बजट में सबसे ज्यादा तवज्जो शिक्षा क्षेत्र को दी गई है। इसके लिए पिछले साल के 8944 करोड़ रुपये के बजट को इस बार बढ़ाकर 9819 करोड़ रुपये करने का प्रावधान किया गया है।

अगले वित्त वर्ष में योजनागत व्यय के लिए 32731 करोड़

हालांकि प्रदेश के वित्त प्रबंधन पर अपनी पीठ ठोंकते हुए वित्त मंत्री ने दावा किया कि हरियाणा का घरेलू सकल उत्पाद चालू वित्त वर्ष में 6.9 फीसदी रहा है जबकि देश का 4.9 फीसदी है। बजट में उन्होंने अगले वित्त वर्ष में योजनागत व्यय के लिए 32731 करोड़ रुपये का प्रावधान किया जिसमें राज्य सरकार को अपने राजस्व से 21520 करोड़ रुपये, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों से 10158 करोड़ रुपये, स्थानीय निकायों से 1052 करोड़ रुपये की योजना भी शामिल है। वित्त मंत्री ने इस योजनागत व्यय को चालू वित्त वर्ष के मुकाबले 35 फीसदी ज्यादा बताया जबकि प्रदेश का राजकोषीय घाटा भी 11391 करोड़ रुपये और राजस्व घाटा 5012 करोड़ रुपये रहेगा।

उम्मीद जताई कि भविष्य में अर्थव्यवस्था सुधरेगी

चट्ठा ने माना कि मुद्रास्फीति की बढ़ती दर, उच्च ब्याज दर और रुपये पर बढ़ते दबाव से देश के साथ-साथ हरियाणा की आर्थिक व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है। इसी कारण प्रदेश में पूंजी निवेश उतना नहीं हो रहा, जितनी अपेक्षा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि भविष्य में अर्थव्यवस्था सुधरेगी और हरियाणा में व्यापार, उद्योग और वाणिज्य को सीधा लाभ होगा।

... और सूबे पर कर्ज भी हो जाएगा 81800 करोड़

वित्त मंत्री ने कहा कि 31 मार्च, 2015 को सूबे पर 81806 करोड़ रुपये का कर्ज होने की संभावना है। उन्होंने बताया कि वित्त वर्ष के दौरान 14000 करोड़ रुपये का अतिरिक्त कर्ज लिया जाएगा। यह कर्ज केंद्र की शर्त के अनुसार पूरी तरह सीमा में है। नियम के अनुसार, सकल राज्य घरेलू उत्पाद का 22.9 फीसदी कर्ज हरियाणा ले सकता है। मौजूदा स्थिति में अगले वित्त वर्ष के अंत में राज्य पर कर्ज 17.91 फीसदी होगा, जो तय सीमा से नीचे है।

बजट भाषण शुरू करते हुए वित्तमंत्री ने ये कहा

वित्त मंत्री चट्ठा ने राहुल गांधी के नारे ‘मैं नहीं, हम’ के अनुसार बजट पेश किया। अपना बजट भाषण शुरू करते हुए चट्ठा ने कहा, ‘‘महोदय! हम समाज के वर्गों के तेजी से समग्र विकास का वादा करते हैं, हम एक सक्षम, पारदर्शी एवं ईमानदार सरकार देने का वादा करते हैं, हम अपने युवाओं के लिए नौकरी एवं रोजगार के और अवसर प्रदान करवाने का वादा करते हैं।

हम कमजोर वर्गों का पूरा ध्यान रखते हुए उन्हें प्रगति के समान अवसर प्रदान करने का वादा करते हैं, हम अपने किसानों को अत्याधुनिक कृषि तकनीकों का वादा करते हैं, हम बिजली, सड़क, जलापूर्ति, सीवरेज प्रणाली, जल निकासी प्रणाली जैसे मजबूत बुनियादी ढांचे के विकास का वादा करते हैं, हम प्रदेश के सब जिलों में उच्च कोटि की स्वास्थ्य और शिक्षा सुविधाओं का वादा करते हैं, हम भावी आर्थिक अवसरों का लाभ उठाने के लिए अति आधुनिक औद्योगिक परिसर स्थापित करने का वादा करते हैं और हम एक पूरी तरह से सशक्त विकेंद्रीकृत स्थानीय स्वशासन का वादा करते हैं।’’
विज्ञापन

आंकड़ों में देख‌िए क्या है हरियाणा बजट

कुल खर्च-----------59451
गैर योजना व्यय----37200
योजना व्यय---------22251
कुल आमदनी--------59173
राजस्व प्राप्ति---------47690
पूंजी प्राप्ति------------11483 (करोड़ रुपये में)
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें