मामले में जांच अधिकारी एसआई शमशेर सिंह की जांच में सामने आया कि राजीव 20 नवंबर को नरेला में अपने दोस्तों के साथ था। बाद में उसके दोस्त चले गए थे, जबकि वह एक व्यक्ति से बातचीत करने लगा था। इसी दौरान वहां पहुंची एक आई-20 कार में सवार तीन युवकों ने राजीव को अगवा कर लिया था।
राजीव के बड़े भाई संजय ने बताया कि कुंडली और नरेला पुलिस ने इस मामले में सीसीटीवी फुटेज खंगाली तो कार का नंबर पता लगा था, जिसमें उसके भाई का अपहरण किया गया था। इसके बाद दिल्ली पुलिस ने एक युवक की पहचान बवाना निवासी दीक्षित के रूप में की थी। दिल्ली पुलिस ने रविवार को दीक्षित को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उसने बताया कि 20 नवंबर को अगवा करने वाली रात को ही राजीव की हत्या कर दी थी। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर बवाना में नहर के पास झाड़ियों से राजीव का शव जली हालत में बरामद कर लिया। राजीव के दो बच्चे हैं।
आरोपी ने दिल्ली पुलिस को बताया वह राजीव को नहीं जानता
पुलिस के अनुसार आरोपी दीक्षित ने पुलिस के सामने कुबूल किया है कि उन्होंने राजीव का नरेला से 20 नवंबर को अपहरण किया था। वह उसे आई-20 कार से बवाना की तरफ लेकर जा रहे थे। कार में ही उन्होंने राजीव को पांच गोली मारी। राजीव की हत्या के बाद उन्होंने बवाना के पास छोटी नहर के पास झाड़ियों में शव फेंक दिया था। उसके बाद शव को खुर्द-बुर्द करने के लिए पेट्रोल डालकर जला दिया था।
आरोपी ने बवाना व स्वतंत्र नगर नरेला के अपने दो साथियों की पहचान बताई है। पुलिस उन्हें भी पकड़ने का प्रयास कर रही है। आरोपी ने फिलहाल पुलिस को बताया है कि वह राजीव को नहीं जानता था। कार में मौजूद अन्य दो साथियों ने उसको साथ चलने को कहा था। पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ के बाद कारणों से पर्दा उठाएगी।
युवक के परिजनों ने अज्ञात पर बंधक बनाकर रखने का मुकदमा दर्ज कराया था। जांच में सामने आया कि उसको दिल्ली के नरेला से अगवा किया गया था। रविवार को सीसीटीवी फुटेज में नजर आ रहे एक युवक की पहचान कर उसे दिल्ली पुलिस ने पकड़ा है। उसकी निशानदेही पर शव बरामद किया गया है। मामले में जांच की जा रही है। आरोपी को लाकर पूछताछ की जाएगी। - शमशेर सिंह, जांच अधिकारी, थाना कुंडली।