हरियाणा में पारदर्शी-स्वच्छ प्रशासन
सीएम मनोहर लाल ने कहा कि आज हरियाणा अन्य सब प्रदेशों से आगे निकला है, वो टेक्नोलॉजी के माध्यम से ही संभव हो पाया है। हमने टेक्नोलॉजी के माध्यम से एक सिस्टम खड़ा किया है, जिस वजह से सरकारी योजनाओं का लाभ पाना आसान हुआ। इससे सिस्टम पारदर्शी और स्वच्छ हुआ है। चुनाव के समय ही उन्होंने वादा किया था कि भ्रष्टाचार मुक्त प्रशासन देंगे, इस पर लगातार काम किया है। अब यहां भ्रष्टाचार की गुंजाइश ना के बराबर है।
उन्होंने कहा कि आईटी के आधार पर बनाई गई कई योजनाओं का दूसरे राज्य भी अनुसरण कर रहे हैं। हरियाणा सरकार की लाल डोरा योजना को स्वामित योजना के नाम से पूरे देश में लागू किया गया है। परिवार पहचान पत्र योजना का भी केंद्र सरकार अध्ययन कर रही है। इस योजना के जरिये 69 लाख परिवारों को रजिस्टर किया गया है। इससे 300 से ऊपर योजनाएं जोड़ दी है और लोगों को घर बैठे हरियाणा सरकार की योजनाओं का लाभ मिल रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने मुहावरा, प्यासा कुएं के पास जाता है... को बदल कर कुआं प्यासे के पास जाएगा, ऐसी व्यवस्था बनाने का काम किया है। इसी को देखते हुए अंत्योदय परिवार उत्थान योजना बनाई है जिसके माध्यम से एक लाख से कम इनकम वाले परिवार को चुना गया और उनकी इनकम को एक लाख 80 हजार तक पहुंचाने का बीड़ा उठाया गया है।
मनोहर लाल ने कहा कि कृषि और इंडस्ट्री के साथ-साथ हरियाणा खेल और पढ़ाई में भी बाकी राज्यों के लिए मिसाल बना है। खेलों में मेडल जीतने पर खिलाड़ियों को हरियाणा में मिलने वाली इनाम राशि भी अन्य राज्यों से ज्यादा है। सरकार ने लगभग 650 करोड़ रुपये की लागत से 10वीं, 11वीं और 12वीं के 5 लाख छात्रों को टैबलेट दिए हैं। मनोहर लाल ने कहा कि राजनीति में लोग स्वार्थों के लिए जातियों के वोटबैंक खड़ा करते हैं लेकिन हमने इसके विपरीत समाज के सभी लोगों के लिए एक समान कार्य किया। हरियाणा एक हरियाणवी एक के नारे के आधार पर किसी वर्ग और क्षेत्र के लोगों से भेदभाव नहीं किया।