यूटी प्रशासन ने 20 बूथों के मालिकों को मिसयूज दूर करने के लिए अब एक माह का समय दे दिया है।
वीरवार को संपदा विभाग ने इन बूथ मालिकों को नोटिस जारी कर तीन दिन के अंदर मिसयूज दूर करने को कहा था, लेकिन बाद में व्यापारियों की मांग पर प्रशासन ने नरमी दिखाई। इस संबंध में सोमवार को पूर्व केंद्रीय मंत्री हरमोहन धवन कुछ भाजपा नेताओं के साथ संपदा विभाग के अधिकारियों से मिले।
उन्होंने भी बूथ मालिकों की मांगों को अधिकारियों के समक्ष उठाया। उनकी मांग पर प्रशासन ने बूथ मालिकों को एक माह का समय देते हुए कनवर्जन के लिए अप्लाई करने को कहा है। इससे पहले उपायुक्त ने बिल्डिंग मिसयूज पर वीरवार को 20 बूथ मालिकों को नोटिस जारी कर तीन दिनों के अंदर इसे दूर करने को कहा था। इनमें अधिकतर बूथ सेक्टर-8 और 9 की मार्केट के हैं और यहां खाद्य पदार्थों से जुड़ा बिजनेस चलता है।
सोमवार को पत्रकार वार्ता कर धवन ने कहा कि उन्होंने पुनर्वास योजना के तहत कॉलोनीवासियों को मकान देने का मुद्दा भी प्रशासन के समक्ष उठाया। धवन ने कहा कि उनकी मांग पर अधिकारियों ने मकान देने के लिए 2006 की वोटर लिस्ट में नाम होने की शर्त को हटा दिया है। धवन ने कहा कि कॉलोनीवासियों को अब मकान पाने के लिए इधर-उधर धक्के भी नहीं खाने पड़ेंगे। प्रशासन द्वारा कॉलोनियों में कैंप लगाए जाएंगे और कॉलोनीवासियों को मकान देने के लिए इस संबंध में जो भी औपचारिकताएं होंगी, उसे पूरा किया जाएगा।
मैनें पार्टी के साथ नहीं की सौदेबाजी
सोमवार को पत्रकार वार्ता के दौरान धवन ने कहा कि उन्होंने पार्टी के साथ किसी तरह की सौदेबाजी नहीं की थी। उन्होंने कहा कि वे नि:स्वार्थ पार्टी और किरण खेर के साथ खड़े हुए थे। धवन ने कहा कि उन्होंने जीत के बाद पार्टी से किसी पद की मांग भी नहीं की है।