भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने बृहस्पतिवार को 80 सदस्यीय राष्ट्रीय कार्यकारिणी की घोषणा कर दी। किसानों के पक्ष में आवाज उठाने वाले वरुण गांधी सहित मेनका गांधी और विनय कटियार जैसे बड़े चेहरे को इससे बाहर कर दिया गया है। नई कार्यकारिणी में भाजपा के शीर्ष नेतृत्व प्रधानमंत्री मोदी, अमित शाह सहित प्रमुख केंद्रीय मंत्रियों और वयोवृद्ध लालकृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी को भी जगह दी गई है।
वहीं आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए पंजाब से दो चेहरों को शामिल किया गया है। सिख चेहरे के रूप में केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी और होशियारपुर से भाजपा सांसद सोम प्रकाश को राष्ट्रीय कार्यकारिणी में भी जगह दी गई है। हरदीप पुरी पंजाब से हैं और मोदी मंत्रिमंडल में सिख चेहरा है।
हरदीप पुरी ने पिछला लोकसभा चुनाव अमृतसर से लड़ा था लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। इसके बावजूद उन्हें मोदी सरकार में केंद्रीय मंत्री बनाया गया। वहीं, सोम प्रकाश होशियारपुर से सांसद हैं। सोम प्रकाश अनुसूचित जाति वर्ग से हैं। सियासतदानों का मानना है कि पंजाब के चेहरों को राष्ट्रीय कार्यकारिणी में शामिल कर भाजपा ने 2022 में पार्टी को मजबूत आधार देने का प्रयास किया है। इससे पहले भी चुनाव को लेकर केंद्रीय स्तर पर मोदी सरकार में मंत्रियों को बड़ी जिम्मेदारियां दी जा चुकी हैं।
करीब तीन साल बाद नई कार्यकारिणी के पुनर्गठन में इस बार दूसरे दलों से आए नेताओं को शामिल किया गया है, जिनमें ज्योतिरादित्य सिंधिया, मिथुन चक्रवर्ती, दिनेश त्रिवेदी आदि प्रमुख नाम हैं। पार्टी के प्रमुख विचारशील निकाय नई कार्यकारिणी में 80 नियमित सदस्यों के अलावा 50 विशेष आमंत्रित और 179 स्थायी आमंत्रित सदस्य हैं।
कार्यकारिणी में केंद्रीय मंत्रिमंडल में नए आए अश्विनी वैष्णव के अलावा पार्टी शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों, उपमुख्यमंत्रियों, विधानसभा और विधान परिषदों में विधायक दल के नेताओं, पूर्व मुख्यमंत्रियों-उपमुख्यमंत्रियों, राष्ट्रीय प्रवक्ताओं, प्रदेश प्रभारियों-सह प्रभारियों, प्रदेश अध्यक्षों को जगह दी गई है। राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक 7 नवंबर को दिल्ली में होगी। इससे पहले कार्यकारिणी की आखिरी बैठक जनवरी 2019 में हुई थी।