पीजीआई के नेहरू हास्पिटल में खोले गए अमृत आउटलेट्स से सोमवार से मरीजों को सस्ती दवाएं मिलनी शुरू हो जाएंगी। मीडिया में लगातार खबरें आने के बाद आउटलेट्स के संचालकों पर दबाव बढ़ रहा था। उसके बाद सोमवार से मरीजों को दवा देने का फैसला लिया गया है।
दो दिन पहले अमर उजाला ने इस मुद्दे पर एक खबर भी प्रकाशित की थी। खबर में मुद्दा उठाया गया था कि आउटलेट के लिए दो महीने पहले दवाएं पहुंच चुकी हैं। इसके बावजूद आउटलेट को खोला नहीं जा रहा। दरअसल सूत्रों ने दावा किया कि आउटलेट को खोलने के लिए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा को आना था, लेकिन व्यस्त होने के कारण उनका समय नहीं मिल पा रहा था।
इस वजह से आउटलेट का उद्घाटन रुका रहा। मीडिया में खबर आने के बाद बिना किसी समारोह के उसे खोलने का निर्णय लिया गया। इन आउटलेट पर ब्रांडेड दवाएं और इंप्लांट काफी सस्ते दरों पर मिलेंगे। खासकर अमृत में कैंसर से संबंधित दवाइयां काफी सस्ती मिलेंगी।
फरवरी में खुलना था आउटलेट
नेहरू हास्पिटल में दुकानें प्राइवेट कंपनी को जनवरी में अलॉट कर दी गईं थीं। फरवरी में दुकानें खुल गईं और इसके बाद दवाएं भी आ गईं। दुकान खोले दो महीने हो गए। बताया गया कि रोजाना 100 से अधिक मरीज शॉप पर आते हैं और पूछते हैं कि कब से मेडिसिन मिलनी शुरू होंगी। शॉप कर्मचारी उन्हें दिलासा देते रहे कि जल्द ही शॉप ओपेन होगी और मेडिसिन मिलने लगेगी। शॉप के ऊपर स्टीकर भी लगाए गए हैं, जिसमें बताया गया कि है शॉप से मेडिसिन जल्द मिलेंगी।
दवाओं के लिए भटक रहे थे लोग
दरअसल जिस जगह पर अमृत प्रोजेक्ट का आउटलेट खुला है। वहां पर दो केमिस्ट शॉप की दुकानें थीं। नेहरू हास्पिटल के मरीज इन्हीं दुकानों से मेडिसिन लेते थे। लेकिन अब एक भी दुकानें नहीं हैं। इससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। दवाओं के लिए उन्हें डेंटल ओपीडी के पास बनी मार्केट में जाना पड़ रहा है। इससे उनका समय बर्बाद होता है।