वारिस पंजाब दे' प्रमुख और खडूर साहिब लोकसभा सीट से निर्दलीय सांसद अमृतपाल सिंह ने शुक्रवार को दिल्ली में सांसद पद की शपथ ले ली है। अमृतपाल सिंह से मिलने के लिए उसके पिता और चाचा दिल्ली पहुंचे थे। शपथ के बाद उन्होंने अमृतपाल से मुलाकात भी की। हालांकि उसकी माता बलविंदर कौर पंजाब स्थित अपने घर पर ही हैं।
बेटे के शपथ के बाद उसकी मां बलविंदर कौर ने कहा मैं सभी संगत (समर्थकों) का धन्यवाद करती हूं और सभी को बधाई देती हूं। उन्होंने कहा कि सरकार की तरफ से अमृतपाल को सांसद पद की शपथ अन्य सांसदों के साथ दिलाई जाने की अनुमति दी जानी चाहिए थी। हालांकि सरकार ने ऐसा नहीं किया, जिससे संगत (समर्थकों) में रोष है। मां के अनुसार अमृतपाल को भी 25 जून में पंजाब के अन्य सांसदों के साथ लोकसभा सांसद के रूप में शपथ लेने की अनुमति दी जानी चाहिए थी।
बलविंदर कौर ने कहा कि एक सांसद को जेल में रखना और शर्तों के साथ पैरोल देना लोकतंत्र का निरादर है। अमृतपाल पर एनएसए लगाकर उसे जेल में बंद रखना सरासर गलत है। अब वह सांसद बन गया है। इसलिए उसे रिहा किया जाना चाहिए। सरकार डरी हुई है, लेकिन 4.5 लाख लोगों ने अमृतपाल को वोट दिए वह कहीं नहीं डरे हैं, तो सरकार को अमृतपाल से किस बात का खतरा है।
अमृतपाल सिंह की मां ने बताया कि दिल्ली में शपथ के बाद मिलने के लिए सबसे पहले उसके चाचा ने ही जाना था, लेकिन बाद में पिता ने भी बेटे से मिलने के लिए दिल्ली जाने की योजना बनाई। इसलिए वे दोनों ही दिल्ली गए हुए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने अमृतपाल को 4 दिन पैरोल दी है, लेकिन किसी से मिलने की अनुमति नही दी है। इससे पूरे हलके के लोगों में रोष है। क्योंकि लोग अमृपाल सिंह से मिलने के लिए उत्सुक हैं।
बलात्कारियों को दी जाती है कई दिन तक पैरोल
अमृतपाल सिंह की मां बलविंदर कौर ने कहा कि सरकार ऐसे अपराधियों को कई दिनों तक पैरोल देती है जो बलात्कार केसों में सजा काट रहे हैं। वहीं अमृतपाल को लोगों ने लाखों वोटों के अंतर से चुनाव में जीत दिलाई है। बावजूद उसे पैरोल भी शर्तों के साथ दी जा रही है। ऐसा करेक सरकारें हमारे साथ धक्का कर रही हैं।
जल्द रिहा करे सरकार
उन्होंने कहा कि खडूर साहिब के लोग और अमृतपाल के समर्थक बहुत खुश हैं। क्योंकि अमृतपाल ने आज लोकसभा सांसद के रूप में शपथ ली है। मैं सरकार से अनुरोध करती हूं कि अमृतपाल से एनएसए को हटाया जाए और उसे जेल से रिहा किया जाए। जिन मुद्दों पर चुनाव जीता है वह बाहर आकर उन सभी को पूरा करे यह हम चाहते हैं। बता दें कि अमृतपाल सिंह को सांसद पद की शपथ दिलाने के लिए 1 साल 2 महीने 12 दिन के बाद डिब्रूगढ जेल से बाहर आया।