हरियाणा में तेजी से बढ़ रहे कोरोना के मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने प्रदेश में एक और जीनोम सिक्वेसिंग मशीन स्थापित करने के आदेश दिए हैं ताकि कोरोना के नए वैरिएंट की पहचान जल्दी हो सके। इस समय रोहतक में लैब काम कर रही है, अब पंचकूला में नई लैब स्थापित करने का प्रस्ताव है। साथ ही रोजाना सैंपलिंग की संख्या बढ़ाते हुए 50 हजार लोगों के नमूने लेने के निर्देश दिए हैं।
स्वास्थ्य अधिकारियों की बैठक में विज ने कहा कि वह कभी भी अस्पतालों, पीएचसी व सीएचसी का दौरा कर उपकरणों की जांच कर सकते हैं। इसलिए हर तरह से अपनी तैयारी रखें। फील्ड में जितने भी पीएसए के ऑक्सीजन प्लांट, वेंटिलेंटर, आईसीयू बेड, वेंटिलेंटर बेड सहित अन्य उपकरण हैं, उनका सही से रखरखाव रखें। उन्होंने बताया कि रोहतक में स्थापित जीनोम सिक्वेंसिंग मशीन में जीनोम की सिंक्वेंसिंग जांचने के लिए 140 मामलों को भेजा गया था, जिसमें से छह ओमिक्रॉन के मामलों की पुष्टि हुई है। बाकी अन्य वैरिएंट के मामले थे।
कोविड एंटीवायरल ड्रग को लेने के निर्देश
विज ने अधिकारियों को कोविड एंटीवायरल ड्रग और अन्य आवश्यक दवाइयां लेने के निर्देश दिए। इस पर अधिकारियों ने बताया कि एंटीवायरल ड्रग मोलनुपिरावीर की खरीद के संबंध में कमेटी का गठन किया गया है। जल्द ही इस पर निर्णय लेकर आगामी कार्रवाई की जाएगी।