दुराचारी पुलिस गैंग का शिकार बनी रेप पीड़िता के परिवार पर समझौते के लिए आरोपियों के परिजनों की ओर से दबाव और बढ़ा दिया गया है।
आरोपी कांस्टेबलों के जानकारों ने कुछ मध्यस्थों के माध्यम से लड़की के परिजनों से संपर्क कर बीस-बीस लाख रुपये देने की पेशकश की है। यह खुलासा पीड़िता के वकील ने किया है।
पीड़िता के वकील ब्रजेश्वर जसवाल ने बताया कि जब मामला दर्ज किया जा रहा था तब भी समझौता कराने के लिए लगातार फोन आ रहे थे।
उन्हें अब सूचना मिली है कि आरोपियों के साथी समझौते के लिए मोटी रकम की पेशकश कर रहे हैं। जसवाल के अनुसार अब समझौते का कोई लाभ आरोपियों को नहीं होने वाला।
नियम के मुताबिक पीड़िता के बयान सीआरपीसी की धारा-164 के तहत न्यायधीश के समक्ष दर्ज हो चुके हैं। कोर्ट के पास पीड़ित का पक्ष आ चुका है।
लड़की की नौकरी छूटी
वकील के अनुसार बाबा रामदेव के पीड़िता के घर जाने से उसकी पहचान उजागर हो गई है। ऐसे में परिवार की मुश्किलें बढ़ गई हैं। लड़की की पार्ट टाइम नौकरी छूट गई है। वह पढ़ने भी नहीं जा पा रही। मदद के लिए कुछ एनजीओ ने संपर्क किया है।
तीन अन्य लड़कियां भी थीं चंगुल में
पांचों आरोपियों का सोमवार को रिमांड समाप्त हो रहा है। जांच टीम से जुड़े सूत्रों के अनुसार पुलिस ने अभी तक अन्य लड़कियों के बारे में पूछताछ नहीं की है।
पीड़िता के भाई का कहना है कि तीन अन्य लड़कियों से भी इन पुलिसकर्मियों ने जबरन संबंध बनाए हैं। यह बात उसे अपनी बहन से पता चली है।
रिमांड की मांग से बच सकती है पुलिस
पीड़िता के वकील ब्रजेश्वर जसवाल ने कहा कि आरोपियों को राहत देने के लिए पुलिस उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजने के लिए कह सकती है।
पुलिस कर्मचारियों से अन्य वारदात के बारे में पूछताछ करने के लिए उनका रिमांड बढ़ाया जाए यह मांग वह अपनी ओर से करेंगे।