यूपी के पूर्व डीजीपी प्रकाश सिंह
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हरियाणा में जाट आंदोलन के दौरान हिंसा और उपद्रव की जांच को बनी प्रकाश सिंह कमेटी के अध्यक्ष ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। कमेटी के अध्यक्ष पूर्व डीजीपी प्रकाश सिंह का कहना है कि उन पर मामले में दोषी अफसरों और पुलिस वालों को क्लीन चिट देने के लिए दबाव डाला गया था।
प्रकाश सिंह ने बताया कि पूरे कांड में दो एसपी की अहम भूमिका रही। पुलिस वालों की मिलीभगत से ही उपद्रव हुआ। इन दोनों अफसरों ने दंगाइयों को 6 घंटे का वक्त देते हुए कहा था कि इस समय में जो करना चाहते हो, वो करो।
प्रकाश सिंह ने कहा कि उपद्रव को लेकर न केवल लापरवाही बरती गई, बल्कि साजिश भी की गई। पूरा पुलिस अमला और सभी प्रशासनिक अधिकारी हिंसा और उपद्रव के लिए जिम्मेदार हैं। उन्होंने रिपोर्ट को सार्वजनिक न किए जाने पर दुख जाहिर किया और बताया कि रिपोर्ट में पांच आईएएस और पांच आईपीएस अफसरों पर अभियोग लगाया गया है। उनके खिलाफ टिप्पणी भी की गई है।
प्रकाश सिंह ने कहा कि जांच करने के दौरान मुझ पर कई तरह का दबाव डाला गया, लेकिन इसका प्रभाव मेरी निष्पक्षता पर नहीं पड़ा। मैंने बिल्कुल निष्पक्ष होकर ही रिपोर्ट तैयार की है और रिपोर्ट में जिन-जिन पर आरोप लगे हैं, उन सभी पर कार्रवाई होगी।