फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सेक्टर-26 मंडी में पपीता खरीदने जा रहे हैं तो ध्यान रखें, कैमिकल से पकाए जा रहे हैं!

Sun, 14 May 2017 09:23 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
विज्ञापन
- फोटो : File Photo
विज्ञापन
फूड सेफ्टी विंग ने शुक्रवार को सेक्टर-26 मंडी में छापा मारकर करीब पांच टन पपीता जब्त किया। इसे कैल्शियम कार्बाइड से पकाया जा रहा था। बाद में उसे डंपिंग ग्राउंड में दबा दिया गया। विदित रहे कि एक हफ्ता पहले शुक्रवार को ही एसडीएम तपस्या राघव ने मंडी में छापा मारकर कैल्शियम कर्बाइड से पकाया जा रहा ढाई टन पपीता जब्त किया था।
विज्ञापन


इस कार्रवाई का व्यापारियों में कोई डर नहीं दिखा।  पिछले हफ्ते जब छापामारी की गई थी तो उस दौरान व्यापारियों ने आश्वासन दिया था कि वे केमिकल युक्त पपीते का इस्तेमाल नहीं करेंगे। यही कारण है कि हफ्ते बाद ही उन्होंने दोबारा से फलों को केमिकल से पकाने का काम शुरू कर दिया।

फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड रेगुलेशन 2011 के तहत फलों के पकाने में कैल्शियम कार्बाइड के इस्तेमाल पर प्रतिबंध है। छापामारी टीम में फूड सेफ्टी अफसर भरत कनौजिया, सुरेंद्र पाल सिंह, बलजिंदर सिंह, मनदीप कौर, नवनीत बग्गा शामिल थे।
विज्ञापन
Trending Videos
विज्ञापन

कैसे पहचानें कि फल को केमिकल से पकाया गया है

- फोटो : File Photo
यह है नुकसान
फूड सेफ्टी विंग के अफसर सुखविंदर सिंह ने बताया कि केमिकल युक्त फल खाने से न्यूरो से संबंधित बीमारियां फैलने का खतरा रहता है। डायरिया और पेट संबंधी बीमारियों का खतरा रहता है।

कैसे पहचानें कि फल को केमिकल से पकाया गया है
यदि फल पूरे एक रंग से पक रहा है तो समझ जाइए कि केमिकल का इस्तेमाल किया गया है। बिना केमिकल से फल पर कई रंग होते हैं जैसे कि आम कहीं से पीला होगा या फिर हरा। फल में जगह-जगह सफेद रंग के धब्बे जैसे होंगे। इससे आसानी से फल को पहचाना जा सकता है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें