बापू के शांति दूत अब कोई ओर नहीं, सात राज्यों के 1500 बच्चे बनेंगे। ये बच्चे दिल्ली के स्लम एरिया से लेकर मुंबई जैसे मेट्रो शहर के होंगे। जो चंडीगढ़ में आकर महात्मा गांधी की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में अमन और एकता का संदेश देंगे। बापू के ये नन्हे दूत पहली बार चंडीगढ़ पीस फेस्टिवल 2019 के मेहमान होंगे। दो दिवसीय यह फेस्टिवल शहर की स्वयंसेवी संस्था युवसत्ता की ओर से चंडीगढ़ कमीशन फॉर प्रोटेक्शन ऑफ चाइल्ड राइट्स (सीसीपीसीआर) और यूटी प्रशासन के पर्यावरण विभाग के सहयोग से 30 जनवरी को आयोजित होगा। इसका आगाज गवर्नमेंट म्यूजियम एंड आर्ट गैलरी सेक्टर-10 में पहला चिल्ड्रेन पीस फेस्ट-सीपीएफ 2019 करवाया जाएगा। इसका थीम लीव नो वन बिहाइंड है।
शहर के लोगों के बनेंगे ये स्पेशल गेस्ट
बापू के शांति दूत ये बच्चे फेस्टिवल के दौरान दो दिन शहर के लोगों का खास मेहमान होेंगे। फेस्टिवल में दूसरे प्रदेशों से आने वाले स्टूडेंट्स ‘स्टूडेंट होस्ट-स्टूडेंट गेस्ट’ के तहत स्थानीय स्टूडेंट्स के घरों में उनके परिवार के साथ रहेंगे। इसके लिए कुछ प्राइवेट स्कूलों की ओर से व्यवस्था की जा रही है।
कराई जाएंगी कई तरह की प्रतियोगिताएं
30 जनवरी को महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर सेक्टर-10 स्थित गवर्नमेंट म्यूजियम एंड आर्ट गैलरी में प्रतियोगिताएं कराई जाएंगी। इस फेस्ट में चंडीगढ़, मोहाली और पंचकूला के अलावा त्रिपुरा, पंजाब, जम्मू-कश्मीर, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, मध्य प्रदेश और राजस्थान के स्कूल स्टूडेंट्स हिस्सा लेंगे। फेस्ट में कई तरह की अंतर स्कूल प्रतियोगिताएं कराई जाएंगी। इनमें गांधी क्विज, क्ले मॉडलिंग, शार्ट स्किट, पोस्टर मेकिंग, शॉर्ट मोबाइल वीडियो के अलावा बुक एक्सचेंज शामिल हैं ताकि स्टूडेंट्स को अधिक से अधिक किताबें पढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया जा सके।
फेस्टिवल में स्पेशल गेस्ट दिव्यांग बच्चे होंगे शामिल
सीसीपीसीआर की चेयरपर्सन हरजिंदर कौर ने बताया कि ‘लीव नो वन बिहाइंड’ जैसे स्लोगन के साथ आयोजित हो रहे चिल्ड्रेन पीस फेस्ट में न सिर्फ स्नेहालय, बाल भवन, इंस्टीट्यूट ऑफ द ब्लाइंड, ग्रिड के वंचित बच्चे हिस्सा लेंगे, बल्कि आरुषि, भोपाल के दिव्यांग बच्चे विशेष तौर पर शामिल होंगे। साथ ही दिल्ली स्टेट कमीशन फॉर प्रोटेक्शन ऑफ चाइल्ड राइट्स-डीएससीपीसीआर की ओर से समर्थित नई दिल्ली के वंचित बच्चों को भी विशेष तौर पर आमंत्रित किया गया है।
चिल्ड्रेन पीस फेस्ट अगले वर्ष से होगा इंटरनेशनल
‘चंडीगढ़ सेज गुड बॉय पॉली बैग्स’ थीम पर राष्ट्रीय स्तर की अंतर स्कूल पोस्टर मेकिंग प्रतियोगिता कराने की भी योजना है ताकि गांधी जी के मैसेज ‘स्वच्छता, भक्ति से भी बढ़कर है’ और ‘स्वच्छ भारत’ अभियान का प्रचार किया जा सके। वहीं एनजीओ युवसत्ता के संस्थापक संयोजक प्रमोद शर्मा ने बताया कि इस साल राष्ट्रीय स्तर का पहला चिल्ड्रेन पीस फेस्ट आयोजित कर रहे हैं जोकि अगले साल से इंटरनेशनल स्तर का हो जाएगा। 30 जनवरी को चिल्ड्रेन पीस फेस्ट के साथ ही एनजीओ के अहिंसा के 9 महीने अभियान को भी लांच करेगा।