फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सिरसा में किसानों का विरोध प्रदर्शन, पुलिस ने वाटर कैनन और आंसू गैस का इस्तेमाल किया

Tue, 06 Oct 2020 08:08 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सिरसा (हरियाणा)

सार

  • सिरसा में प्रदर्शनकारी किसानों पर आंसू गैस और वाटर कैनन का इस्तेमाल 
  • किसानों ने रोकने पर पुलिस पर किया पथराव, एक किसान घायल  डिप्टी सीएम व बिजली मंत्री के आवास का घेराव करने जा रहे थे किसान 
  • एक घंटे तक किसानों और पुलिस में अवरोधक को लेकर चली खींचतान 
विज्ञापन
सिरसा में किसानों का प्रदर्शन। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

तीन नए कृषि कानूनों के विरोध में किसान हरियाणा के सिरसा में डिप्टी सीएम व बिजली मंत्री के आवास का घेराव करने मंगलवार दोपहर बाद बाबा भूमणशाह चौक पर पहुंचे। कुछ युवा किसानों ने अवरोधक पार करने का प्रयास किया तो पुलिस ने उन्हें रोकने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। साथ ही पुलिस ने आंसू गैस के गोले भी छोड़े। इससे गुस्साए किसानों ने पुलिस पर पथराव किया। पथराव में दूसरी ओर खड़ा एक किसान घायल हो गया। इसके विरोध में किसान नेताओं ने शाम सात बजे तक बाबा भूमणशाह चौक पर धरना दिया। 

विज्ञापन


                                           




विज्ञापन

कृषि कानूनों के विरोध में सुबह नौ बजे ही दशहरा ग्राउंड में सिरसा के किसान एकत्रित होने शुरू हो गए थे। डिप्टी सीएम व बिजली मंत्री के आवास के घेराव की चेतावनी के चलते पुलिस ने चारों ओर अवरोधक लगाकर रास्तों को बंद कर दिया था। किसान दोपहर बाद तीन बजे डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला व बिजली मंत्री रणजीत सिंह के आवास का घेराव करने बाबा भूमणशाह चौक पर पहुंचे।


किसान नेताओं ने डिप्टी सीएम व बिजली मंत्री से इस्तीफा मांगा। किसान नेताओं ने नारा दिया, किसान चाहिए या कुर्सी। इस दौरान कुछ युवा किसानों ने अवरोधक पार करने का प्रयास किया लेकिन पुलिस ने उन्हें रोक दिया। करीब एक घंटे तक किसानों और पुलिस में अवरोधक को लेकर खींचतान चलती रही। इसके बाद शाम करीब चार बजे युवा किसानों ने अवरोधक अपनी ओर खींच लिए और पुलिस की नाकाबंदी को तोड़ दिया। 
विज्ञापन



इसके बाद युवा किसानों ने आगे जाना चाहा तो पुलिस ने वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। किसानों को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े गए। बदले में किसानों ने पुलिस की ओर पत्थर फेंक दिए। इस पर पुलिस पीछे हट गई। इसके बाद किसान फिर से चौक पर इकट्ठा हो गए। किसान नेताओं ने पुलिस द्वारा आंसू गैस के गोले छोड़ने पर नाराजगी जताई। 

किसान नेता बोले- अवरोधक पार करने का प्रयास करने वाले शरारती तत्व
स्वराज अभियान के संस्थापक योगेंद्र यादव, किसान नेता प्रह्लाद सिंह भारूखेड़ा, संत बाबा गुरमीत सिंह त्रिलोकवाला ने कहा कि जो किसान अवरोधक पार करने का प्रयास कर रहे हैं, वे आंदोलन को गलत दिशा दे रहे हैं। ये शरारती तत्व हैं। उन्होंने किसानों से आह्वान किया कि वे शांतिपूर्ण तरीके से धरना प्रदर्शन करेंगे।

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें