भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत शुक्रवार दोपहर बाद टोहाना के गांव समैन पहुंचे। टिकैत जींद जिले के नरवाना खंड के गांव लोहचब में स्व. किसान नेता घासीराम नैन की धर्मपत्नी के निधन पर शोक जताने पहुंचे थे। रास्ते में गांव समैन के सामुदायिक केंद्र में 20 मिनट रुके और ग्रामीणों से बातचीत की। इस दौरान किसान व मजदूर नेताओं ने उन्हें पगड़ी पहनाकर सम्मानित किया।
लोगों से बातचीत में राकेश टिकैत ने कहा कि किसान आंदोलन अभी खत्म नहीं हुआ है बल्कि शुरू हुआ है। किसानों को अपनी जमीन बचाने के लिए लड़ाई आगे भी जारी रखनी होगी। मौजूदा समय में देश के युवाओं ने किसान आंदोलन में बड़ी भूमिका निभाई है। इन्हीं बच्चों को जमीन बचाने के लिए आगे आना होगा।
सरकार को राजनीतिक दवाई देने की जरूरत
टिकैत ने कहा कि सरकार को राजनीतिक दवाई देने की जरूरत है। राजनीतिक दलों को ऐसी ही दवाई देनी पड़ती है, तभी उनको समझ आती है। कोरोना को लेकर उन्होंने कहा कि यह सरकारी कोरोना है। अब चुनाव होने के कारण कोरोना को लेकर हाहाकार मचा दिया गया है। चुनाव आने पर ही केस बढ़ जाते हैं।
आज संयुक्त मोर्चा की बैठक में होगी कई मुद्दों पर चर्चा
टिकैत ने बताया कि शनिवार को संयुक्त किसान मोर्चा की बैठक होगी। बैठक में एमएसपी को लेकर केंद्र सरकार के प्रयासों से लेकर पंजाब में मोर्चा सदस्यों द्वारा पार्टी बनाने और चुनाव लड़ने समेत सभी मुद्दों पर चर्चा की जाएगी। इस बैठक के बाद ही विचारों को मीडिया व अन्य किसानों के साथ साझा किया जाएगा। इस मौके पर किसान नेता राजबीर गिल, जिले सिंह, बलवंत गिल, कृष्ण कुमार, रामचंद्र गिल, पूर्व सरपंच प्रतिनिधि ईश्वर गिल, छोटूराम, बलवंत, रामफल लांबा, वीरभान, कुलाराम सहित कई किसान मौजूद रहे।