अजीबोगरीब एक मामला सामने आया है, जिसमें 30 पतियों ने पत्नियों की सुरक्षा के लिए पुलिस विभाग को मांगपत्र दिया है। वहीं इसके पीछे की वजह जानकर पुलिस वाले सन्न रह गए। मामला हरियाणा के रोहतक में देखने को मिला। जान को खतरा बताते हुए पुलिस सुरक्षा मांगने के मामले तो बहुत सुने होंगे पर प्रदेश में पत्नियों के खुद ही आत्महत्या की आशंका जताते हुए पति सुरक्षा की मांग कर रहे हैं।
पुलिस और राज्य महिला आयोग के आंकड़े यह गवाही दे रहे हैं। पिछले पांच माह में पुलिस और राज्य महिला आयोग से प्रदेश भर के कई जिलों के 30 पतियों ने पत्नियों की सुरक्षा की मांग की है। कहा कि सास से झगड़ा, परिजनों से अलग न होने तथा अन्य मामूली सी बातों पर आए दिन पत्नी जहरीला पदार्थ खाकर तो कभी फांसी लगाकर आत्महत्या का प्रयास कर चुकी हैं। हालांकि, इस तरह के 14 मामलों में सुलह कराई जा चुकी है।
केस नंबर-एक
करनाल के नौकरीपेशा युवक ने राज्य महिला आयोग में शिकायत करते हुए बताया कि उसकी शादी दो साल पूर्व प्राइवेट स्कूल में पढ़ाने वाली अध्यापिका के साथ हुई थी। पत्नी आए दिन उसे परिजनों से अलग रहने का दबाव बना रही थी। उसने अलग रहने से इनकार कर दिया। इस पर पत्नी ने दस दिन पूर्व जहरीले पदार्थ का सेवन कर जान देने का प्रयास किया।
केस नंबर-दो
रोहतक के गोहाना रोड के रहने वाले प्रॉपर्टी डीलर ने पुलिस से शिकायत करते हुए बताया कि उसकी शादी दो साल पूर्व रोहतक की युवती के साथ हुई थी। दो बार मां से विवाद के चलते फांसी लगाकर जान देने का प्रयास कर चुकी है। दोनों बार उसे परिजनों ने किसी तरह बचा लिया। हालांकि, पुलिस इस मामले में दोनों पक्षों के बीच सुलह करा चुकी है।
केस नंबर-तीन
कैथल के अध्यापक ने राज्य महिला आयोग से शिकायत की। कहा कि उसकी पत्नी घर का काम नहीं करती है। काम करने के लिए कहने पर जहरीले पदार्थ का सेवन कर जान देने की धमकी देती है। पत्नी को समझाने की गुहार लगाई। कहा कि यदि हो सके तो पत्नी की सुरक्षा को सिक्योरिटी उपलब्ध कराई जाए।
केस नंबर-चार
सोनीपत के प्रॉपर्टी डीलर ने बताया कि उसकी शादी तीन साल पूर्व रोहतक की युवती के साथ हुई थी। पत्नी उसी के साथ रह रही है। आए दिन पत्नी ससुरालियों के बहकावे में आकर झगड़ा करती है। बार-बार जान देने की धमकी देती है। पत्नी को समझाने की गुहार लगाई।
पुलिस और राज्य महिला आयोग के अनुसार पिछले पांच माह में इस तरह के तीस मामले पहुंचे हैं। इनमें से 30 में सुलह कराई जा चुकी है। गुहार लगाने वालों में सोनीपत, पानीपत, भिवानी, कुरुक्षेत्र, झज्जर, हिसार, चरखी दादरी के पति भी शामिल हैं।
पत्नियों की देखभाल को भी कुछ पति सुरक्षा मांग रहे हैं। आठ मामलों में सुलह कराई जा चुकी है। जबकि अन्य मामलों में सुलह का प्रयास किया जा रहा है। इस तरह के मामलों में दंपति को परिवार के बड़ों का भी सहारा लेना चाहिए। मामूली सी बातों पर महिलाओं को आपा नहीं खोना चाहिए।
- प्रतिभा सुमन, अध्यक्ष राज्य महिला आयोग
पुलिस का प्रयास रहता है कि दंपति के बीच झगड़ों के मामलों में जल्द से जल्द सुलह करा दी जाए। कई मामलों में सुलह भी कराई गई है। कुछ पति पत्नी की सुरक्षा को सिक्योरिटी की मांग कर रहे हैं।
- जशनदीप सिंह रंधावा, एसपी