सरकार के लिए ये दो दिन चुनौती भरे रहने वाले हैं। इसके बाद 11 जनवरी को छत्रपति हत्याकांड में राम रहीम पर सीबीआई की पंचकूला अदालत का फैसला आना है। सरकार ने हालांकि, वीडियो कांफ्रेंसिंग से फैसला सुनाने की अर्जी कोर्ट में दायर की है। इस पर मंगलवार को सुनवाई होगी। कोर्ट के फैसले पर सरकार की रणनीति निर्भर करेगी। वैसे सरकार ने पंचकूला में भारी संख्या में सीबीआई कोर्ट के आस-पास, रोहतक सुनारिया जेल और सिरसा डेरा सच्चा सौदा के इर्द-गिर्द भारी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
हड़ताल का होगा व्यापक असर : लांबा
सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा के महासचिव सुभाष लांबा व सीटू के महासचिव जय भगवान ने बताया कि दो दिवसीय हड़ताल के कारण विभागों में कामकाज ठप रहेगा। हड़ताल में रोडवेज सहित सभी विभागों, बोर्डों, निगमों विश्वविद्यालयों, पंचायती राज संस्थाओं, निगमों, पालिकाओं, परिषदों, सहकारी समितियों, पंचायत समितियों व केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा संचालित परियोजनाओं में कार्यरत नियमित व अनियमित कर्मचारी और कार्यकर्ता शामिल होंगे।
उद्योगों में भी कामकाज नहीं होगा। सीटू, एटक, इंटक, एचएमएस, यूटीयूसी, कर्मचारी संगठन सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा, हरियाणा कर्मचारी महासंघ, संयुक्त कर्मचारी मंच, बैंक व बीमा क्षेत्र की यूनियनों से जुड़े कर्मचारी हड़ताल पर रहेंगे।
ये हैं मांगें
18000 न्यूनतम वेतन, स्थायी रोजगार, समान काम समान वेतन, पुरानी पेंशन योजना की बहाली, ठेके व आउटसोर्सिंग पर लगे कर्मियों को स्थाई करना, पंजाब के समान वेतनमान व पेंशन देना, सफाई कर्मचारियों सहित सभी प्रकार के कच्चे कर्मचारियों को नियमित करना, ठेकेदारी प्रथा को समाप्त करना, छठे वेतन आयोग की विसंगतियों को दूर करना इत्यादि।