हरियाणा सरकार शहरी स्थानीय निकाय विभाग में 2063 फायर ऑपरेटरों और चालकों की सीधी भर्ती करेगी। ठेकेदार के जरिये लगे फायरमैन और ऑपरेटरों को स्वीकृत पदों पर समायोजित नहीं किया जाएगा। सरकार के सीधी भर्ती को मंजूरी देने से ठेका कर्मियों को तगड़ा झटका लगा है। फायर ऑपरेटरों और चालकों के पदों को हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग के जरिये भरा जाएगा।
शहरी स्थानीय निकाय विभाग ने सरकार की मंजूरी के बाद आयोग को काफी पहले डिमांड भेज दी थी। अब आयोग ने इन पदों को भर्ती प्रक्रिया के लिए विज्ञापित भी कर दिया है। 10-15 वर्षों से विभाग के रोल एवं ठेके पर लगे फायरमैन व ड्राइवर काफी समय से ऑपरेटर/चालकों के 2268 स्वीकृत खाली पदों पर समायोजित करने की मांग कर रहे थे लेकिन, सरकार ने सीधी भर्ती के जरिये ही इन पदों को भरने का फैसला किया है।
नगरपालिका कर्मचारी संघ के राज्य प्रधान नरेश कुमार शास्त्री व अग्निशमन कर्मचारी सेवा संघ के राज्य प्रधान राजेंद्र सिन्द व गुलशन भारद्वाज ने कहा कि पहले से लगे 1366 कच्चे कर्मचारियों में से जो भी नियम व शर्तें पूरा करते हैं, उन्हें स्वीकृत पदों पर पक्का किया जाए। सरकार फायर ऑपरेटरों-ड्राइवरों के नए पद सृजित कर भर्ती करे। उन्होंने कहा कि आगामी 26 जून को दोनों संघ रोहतक में कर्मचारी सम्मेलन आयोजित कर निर्णायक आंदोलन की घोषणा करेंगे।
उन्होंने कहा कि बीते 10 मई को सरकार के साथ हुई बैठक में पे-रोल पर लगे कच्चे दमकल कर्मियों को फायर ऑपरेटर व चालक के पद पर समायोजित करने की सहमति बनी थी। सरकार उस वादे से पीछे हट गई है, जिससे कर्मचारियों में रोष है। हरियाणा कौशल रोजगार निगम के अधीन किए गए आउटसोर्सिंग दमकल कर्मचारियों को पहले ही 500 से 8000 रुपये कम वेतन दिया जा रहा है। पक्की भर्ती होने पर कच्चे कर्मियों को रोजगार छिनने का भय सता रहा है।