बैंक से कैश न मिलने पर लगाया डेढ़ घंटे जाम
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गुरदासपुर रोड स्थित पंजाब नेशनल बैंक धारीवाल की ब्रांच में पैसे निकालने के लिए सुबह तड़के से कतार में खड़े खाताधारकों का सब्र का बांध उस समय टूट गया जब बैंक अधिकारियों ने कुछ खाता धारकों को दो-दो हजार रुपये देने के बाद कहा कि अब कैश खत्म हो गया है। इतना सुनना था कि खाताधारक गुस्से में आ गए और बैंक के बाहर जीटी रोड पर ट्रैफिक जाम कर दिया।
इसके साथ ही लोगों ने बैंक अधिकारियों और पीएम नरेंद्र मोदी के खिलाफ नारेबाजी कर डाली। खाताधारकों ने कहा कि वह पिछले तीन दिन से रोजाना सुबह बैंक के बाहर कतार में खड़े हो जाते हैं, लेकिन उनको पैसे नही मिल रहे। करीब डेढ़ घंटे के जाम के बाद थाना धारीवाल की पुलिस ने मौके पर आकर बैंक मैनेजर योगेश शर्मा के साथ बातचीत करके लोगों को आश्वासन दिलाया कि बैंक में कैश आने पर खाताधारकों को पैसे दे दिए जाएंगे। इसके बाद लोगों ने ट्रैफिक जाम खोल दिया। बैंक मैनेजर ने कहा कि पिछले दो दिन से उनकी ब्रांच में कैश नहीं आ रहा था और शुक्रवार को कुछ लोगों द्वारा जितना कैश जमा करवाया गया उसके अनुसार लोगों को पैसे दे दिए गए।
पंजाब के उद्यमी 16 को देंगे लुधियाना में धरना
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नोटबंदी से परेशान पंजाब के उद्यमी अब सड़कों पर उतरेंगे। इसके तहत उद्यमी काले बिल्ले लगाएंगे और फैक्ट्रियों पर काली झंडियां लगाई जाएंगी। 16 दिसंबर को लुधियाना के विश्वकर्मा चौक में उद्यमियों का महाधरना होगा। यह फैसला शुक्रवार को पंजाब ट्रेड सेंटर में उद्यमियों की बैठक में लिया गया। बैठक में सभी सदस्यों ने नोटबंदी पर जमकर भड़ास निकाली।
काबिलेजिक्र है कि नोटबंदी के बाद एक माह के भीतर ही उद्योग व्यापार जगत पटरी से उतर गया है। करेंसी की किल्लत के कारण कारोबार ठप हो रहे हैं। श्रमिकों को पेमेंट देने के लिए भी पैसे नहीं हैं। बैठक में फास्टर मैन्यूफैक्चरर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया के प्रधान नरेंद्र भमरा ने कहा कि नोटबंदी के बाद से पूरी अर्थव्यवस्था चरमरा गई है। पैसे की कमी के कारण इकाईयां चल नहीं पा रही हैं। सरकार प्रबंधन करने में पूरी तरह से फेल साबित हुई है।
जालंधर से आए उद्यमी गुरशरण सिंह ने कहा कि यदि सरकार ने राहतें न दी और करेंसी की उपलब्धता न बढ़ाई तो उद्यमी किसी भी हद तक जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि पूरा औद्योगिक सिस्टम बैठ गया है। इसका असर आने वाले कई माह तक रहेगा। कई इकाइयों में ताले लगाने की नौबत आ रही है। बैठक में पंजाब प्रदेश व्यापार मंडल के महासचिव सुनील मेहरा ने भी नोटबंदी पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि सरकार कैशलेस की बात कर रही है तो विधानसभा चुनाव में भी सभी उम्मीदवारों को अपने खर्च डेबिट या क्रेडिट कार्ड से करना अनिवार्य किया जाए। उन्होंने कहा कि पैसा न होने के कारण सारा काम ठप हो गया है। इस अवसर पर सुनील प्रभाकर, राज कुमार सिंगला, जसविंदर ठुकराल, जसविंदर सिंह बिरदी, मनमोहन सिंह उबी, चरणजीव सिंह, वरिंदर कपूर और एएस राजपाल मौजूद रहे।