खेल रत्न नहीं मिलने पर पहलवान बजरंग पूनिया के खुलकर विरोध करने के बाद अब पैरालंपिक रजत पदक विजेता दीपा मलिक ने भी अनदेखी पर सवाल खड़े किए हैं। कई ओलंपिक मेडलिस्ट और राजनेता भी बजरंग के पक्ष में खड़े हो गए हैं। दीपा ने चार साल के प्रदर्शन के आधार पर अपने कुल 107 प्वाइंट बताए हैं। उसके मुताबिक पैरालंपिक के 70 प्वाइंट, एशियन गेम्स रजत पदक के 25 और 12 प्वाइंट कमेटी की मिले बताए हैं।
इसके बाद दीपा मलिक ने ट्वीट किया है कि फिर भी खेल रत्न में उसकी अनदेखी क्यों की गई है। बजरंग को खेल रत्न न देने का विरोध बढ़ता देख खेल मंत्रालय ने ट्वीट कर सफाई दी है कि ‘एक ही खेल के खिलाड़ियों के बीच अंक देखे जाते हैं, जिसमें दूसरे खेल के खिलाड़ी से अंकों की स्पर्धा नहीं होती है।’
खेल रत्न के लिए अनदेखी के बाद हरियाणा के पहलवान बजरंग पूनिया ने खुलकर विरोध करना शुरू कर दिया है। उन्होंने 80 अंकों के बाद भी अनदेखी करने पर कोर्ट जाने की बात कही है। उधर, सोशल मीडिया पर खेल मंत्रालय और केंद्र सरकार पर आरोप लगाते हुए बजरंग को खेल रत्न देने के लिए पैरवी शुरू हो गई है। इसमें ओलंपिक मेडलिस्ट पहलवान योगेश्वर, बॉक्सर विजेंद्र और सांसद दीपेंद्र हुड्डा और रालोद के पूर्व सांसद जयंत चौधरी भी बजरंग के समर्थन में आ गए हैं।
बजरंग ही खेल रत्न का हकदार : योगी
BAJRANG PUNIA
- फोटो : फाइल फोटो
राष्ट्रीय खेल पुरस्कार के लिए चयनित सभी खिलाड़ियों को बधाई। बजरंग पूनिया के अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 6 गोल्ड, 4 सिल्वर, 3 ब्रांज हैं। इनमें से 2 मेडल वर्ल्ड चैंपियनशिप के है। सभी की अपनी सोच हो सकती है, लेकिन मुझे लगता है कि बजरंग ही खेल रत्न का प्रबलतम हकदार है। - योगेश्वर दत्त, ओलंपिक मेडलिस्ट का ट्वीट
सोचने को मजबूर : विजेंद्र
ओलंपिक मेडलिस्ट विजेंद्र ने इस विवाद पर सिर्फ एक थिंकिंग इमोजी ही ट्वीट किया है। भले ही उन्होंने कुछ नहीं लिखा है, लेकिन इसके साथ ही उन्होंने अपनी बात पूरी तरह से स्पष्ट कर दी है कि बजरंग की अनदेखी ने उन्हें सोचने पर मजबूर कर दिया है।
यह पूरी तरह से गलत: दीपेंद्र
बजरंग का खेल रत्न के लिए न चुना जाना गलत है। हरियाणा के पहलवान और हॉकी खिलाड़ी देश को सबसे ज्यादा मेडल दिला रहे हैं, फिर भी ऐसा किया जा रहा है। - दीपेंद्र हुड्डा, कांग्रेस सांसद का ट्वीट
बजरंग की बलि क्यों चढ़ा रहे: जयंत
खेल रत्न के साथ खिलवाड़, प्वाइंट सिस्टम का महत्व क्या रह गया है। अगर अभी भी अधिकारी या मंत्री मनमानी करेंगे। सरकार को जवाब देना चाहिए कि क्यों बजरंग की बलि चढ़ा रहे हैं। - जयंत चौधरी, रालोद के राष्ट्रीय महासचिव का ट्वीट