चंडीगढ़। पंजाब यूनिवर्सिटी की ओर से मंगलवार को सीनेट की ऑनलाइन बैठक आयोजित करवाई जा रही है। इस बार की सीनेट बैठक अहम होगी क्योंकि इसमें तीन साल बाद पीयू के विभागों और कॉलेजों की फीस बढ़ाने के मसले पर चर्चा होगी। इसके साथ ही अगले सत्र से पीयू में यूजी दाखिले कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेस टेस्ट (सीयूआईटी) के आधार पर करवाए जाने पर फैसला हो सकता है। इसके अलावा एसोसिएट प्रोफेसर के रोस्टर का मुद्दा भी सीनेट में रखा जा रहा है। शिक्षकों के लिए यह मुद्दा भी अहम रहेगा।
पंजाब यूनिवर्सिटी की ओर से फीस बढ़ाने के प्रस्ताव को स्पलीमेंट्री एंजेडे में शामिल कर सीनेट में लाया जा रहा है। इसके अनुसार सेल्फ फाइनेंस कोर्स के 7.5% और ट्रेडिशनल कोर्स में 5% फीस की वृद्धि की जाएगी। पंजाब यूनिवर्सिटी में फीस वृद्धि को लेकर मार्च में एक बैठक की गई थी। उस दौरान कमेटी ने इस प्रस्ताव को पास किया था। अब सीनेट की सहमति के बाद फैसले पर मुहर लग जाएगी। कोरोना महामारी के कारण छात्रों पर आर्थिक बोझ को देखते हुए यूनिवर्सिटी ने पिछले दो साल से फीस वृद्धि पर रोक लगा रखी थी। अब फीस वृद्धि से पीयू के वार्षिक राजस्व में लगभग एक करोड़ की बढ़ोतरी होने की उम्मीद है।
अगले सत्र से सीयूईटी के जरिए दाखिले की तैयारी
पंजाब यूनिवर्सिटी अब यूजीसी के निर्देशानुसार नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) की ओर से आयोजित कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेस टेस्ट के तहत अगले सत्र से यूजी दाखिले आयोजित करवाने की योजना बना रही है। इसे लेकर पीयू की ओर से कमेटी बनाई गई थी। अप्रैल में पंजाब शिक्षा विभाग से सीयूईटी को लेकर सुझाव भी मांगे गए थे। इस मामले में कमेटी की ओर से दी गई सिफारिशों को मंगलवार की सीनेट में भी रखा जा रहा है।
ये मुख्य प्रस्ताव भी सीनेट में रखे जाएंगे
पीयू सीनेट में रजिस्ट्रार वाईपी वर्मा की नियुक्ति और एसवीसी प्रो. कश्मीर सिंह की नियुक्ति को भी रखा जा रहा है। फिरोजपुर के माता साहिब गर्ल्स कॉलेज तलवंडी भाई को को-एजुकेशनल बनाया गया है और अब इसका नाम माता साहिब कौर खालसा कॉलेज होगा। श्री मुक्तसर साहिब पीयू क्षेत्रीय केंद्रीय कौनी के शिक्षकों की एक्सटेंशन, पीयू की डीएसडब्ल्यू वुमन के तौर पर प्रो. रुपाली की अप्वाइंटमेंट को भी सहमति के लिए रखा जा रहा है। इसके अलावा सरकारी मेडिकल कॉलेज एंड अस्पताल-32 में नए कोर्स डीएम पल्मिनरी मेडिसिन की 2 सीटों को अप्रूवल दी गई है। इसे भी जानकारी के लिए रखा जा रहा है।