सियासी कुर्सी से केवल नेताओं को नहीं, बल्कि उनके परिवार की महिलाओं को भी प्यार है। बड़े नेताओं के घर की महिलाओं ने कभी घर से निकलकर हलके की जनता का हाल नहीं पूछा होगा लेकिन अब कोई पिता तो कोई ससुर के लिए वोट मांगने में व्यस्त है। इससे पहले ये कभी हलके में नजर तक नहीं आईं और न लोगों के दुख सुख में शामिल हुई हैं। यही नहीं ये हलके की महिलाओं के गले इस तरह लिपटकर मिल रही हैं कि इनकी बहुत घनिष्ठ मित्रता है।
फिरोजपुर शहर हलके में कांग्रेस प्रत्याशी परमिंदर सिंह की बेटी, जलालाबाद में शिअद (ब) प्रत्याशी सुखबीर बादल की बेटी, गुरुहरसहाए से कांग्रेस उम्मीदवार विजय कालड़ा की बेटी, गुरुहरसहाए से भाजपा प्रत्याशी गुरपरवेज सिंह की पत्नी, जीरा से शिअद (ब) जनमेजा सिंह सेखों की बहू व जीरा से कांग्रेस प्रत्याशी कुलबीर सिंह की पत्नी अपने-अपने हलके में घूम रही हैं।
सियासी जानकारों के मुताबिक सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है कि फिरोजपुर के एक कांग्रेस प्रत्याशी की बेटी कह रही है कि फिरोजपुर सिविल अस्पताल चंडीगढ़ के अस्पताल जैसा है। इस पर किसी व्यक्ति ने कमेंट किया कि फिरोजपुर सिविल अस्पताल के अंदर जाओ डॉक्टर नहीं होता और बाहर आओ तो बाइक नहीं होती है।
ये बिल्कुल सच है। फिरोजपुर सिविल अस्पताल में कोई सुविधा नहीं है। मरीजों को फरीदकोट मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया जाता है। यहां के डॉक्टर अस्पताल में कम घरों में अपनी ओपीडी खोलकर बैठे हैं। इन दिनों जलालाबाद में सुखबीर बादल की बेटी हलके की महिलाओं से गले मिलकर पिता के लिए वोट मांग रही हैं। सच तो ये हैं कि इससे पहले ये कभी जलालाबाद में दिखी नहीं। इसी तरह फिरोजपुर में कांग्रेस प्रत्याशी परमिंदर सिंह पिंकी की बेटी भी मोहल्लों में महिलाओं से मिलकर पिता के लिए वोट मांग रही हैं। वहीं जीरा में अकाली दल जनमेजा सिंह सेखों की बहू अपने सुसर के लिए वोट मांग रही हैं।