पंजाब में 26 जनवरी से पहले ही पन्नू के गुर्गों की गिरफ्तारी से राज्य पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। विशेष सेल ने इन तीनों से पन्नू की रणनीति और पंजाब में उसके बाकी साथियों का पता लगाने में जुटी है। जानकारी के अनुसार पन्नू ने इन तीनों को मोहाली समेत पंजाब के कई अन्य जिलों में खालिस्तानी झंडे और पोस्टर लगाने का काम सौंपा था। हालांकि पुलिस ने तीनों गुर्गों की पहचान सार्वजनिक नहीं की है लेकिन माना जा रहा है कि पन्नू ने राज्य में कुछ और साथियों को माहौल खराब करने का काम सौंपा है।
तीन दिन का मिला रिमांड
शुक्रवार को कड़ी सुरक्षा के बीच तीनों को मोहाली की अदालत में पेश किया गया। जहां से पुलिस को तीन दिन का रिमांड मिला है। पन्नू के इशारे पर पहले भी पंजाब, दिल्ली और हिमाचल में सरकारी भवनों की चारदीवारी पर खालिस्तान के नारे लिखे जाने की घटनाएं हो चुकी हैं। हालांकि इन घटनाओं में आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है लेकिन अब राज्य पुलिस उक्त गुर्गों से पूछताछ में यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि उनके अलावा और कितने लोगों को पन्नू ने माहौल खराब करने के काम पर लगाया है। खालिस्तानी झंडों और पोस्टरों का निर्माण कहां किया गया है?