पंजाब पुलिस ने खालिस्तान टाइगर फोर्स के कुख्यात आतंकी रमनदीप सिंह गोल्डी को गिरफ्तार कर लिया है। गोल्डी 2009 में राष्ट्रीय सिख संगत के प्रधान रुलदा सिंह हत्याकांड और पटियाला बम धमाके में मुख्य आरोपी है।
वह मलेशिया में छिपा हुआ था, जहां से मलेशियाई अथारिटी की मदद से काबू करके भारत लाया गया है। बुधवार देर रात पंजाब पुलिस ने चेन्नई एयरपोर्ट पर गोल्डी को गिरफ्त में ले लिया।
विमान से ही उसे दिल्ली और फिर सड़क मार्ग से पटियाला लाया गया। वीरवार को पुलिस ने उसे पटियाला की कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे 14 नवंबर तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
आईजी (काउंटर इंटेलिजेंस) गौरव यादव ने बताया कि पुलिस को कुछ दिन पहले गोल्डी के थाईलैंड में होने का सुराग लगा था। डीएसपी आरएस सोहल व इंस्पेक्टर मनदीप सिंह उसकी तलाश में 19 सितंबर से 11 अक्तूबर तक वहां रहे लेकिन गोल्डी वहां से निकलकर मलेशिया चला गया।
पुलिस ने वहां भी उसका सुराग लगा लिया और केंद्रीय एजेंसियों और मलेशिया अथॉरिटी से तालमेल कर उसे काबू कर भारत लाया गया। उन्होंने बताया कि यह गिरफ्तारी काउंटर इंटेलिजेंस ने विदेशों में छिपे आतंकियों को ढूंढने की कवायद के तहत की है।
इससे पहले पुलिस ने 17 सितंबर को एक और कुख्यात आतंकी रतनदीप सिंह को गोरखपुर से गिरफ्तार किया गया था, जो भिंडरांवाले टाइगर फोर्स ऑफ खालिस्तान का प्रमुख था। वह परमजीत सिंह पंजवड़ और वधावा सिंह जैसे बड़े आतंकियों के साथ जुड़ा रहा था।