हत्या की कोशिश और आर्म्स एक्ट के तहत दर्ज दो केसों में वांटेड आरोपी को छुड़वाने के लिए उसके साथियों ने पुलिस पर पत्थर बरसाए, जिसमें हेड कांस्टेबल घायल हो गया। रविवार शाम को यूटी पुलिस के दो जवानों ने वांटेड बदमाश का पीछा शुरू कर दिया। वांटेड दीपक उर्फ दीपा जमानत पर छूटे अपने एक साथी के साथ बाइक पर पीछे बैठा था। कुछ दूर जाकर पुलिसकर्मियों ने वांटेड को दबोच लिया। इतने में बदमाशों के कुछ अन्य साथी वहां पहुंच गए और पुलिसकर्मियों पर पथराव कर दिया। बावजूद इसके पुलिसकर्मियों ने वांटेड बदमाश दीपक को नहीं छोड़ा जबकि बाइक चला रहा अनिल भागने में कामयाब हो गया।
वांटेड दीपक को दबोचकर पुलिस अब पथराव के एक अन्य आरोपी अकरम उर्फ सोनू को दबोच लिया है जबकि बाकी हमलावरों की तलाश जारी है। पथराव में दोनों पुलिसकर्मी हेड कांस्टेबल महावीर सिंह और कांस्टेबल प्रदीप घायल हुए हैं। रविवार शाम को हेड कांस्टेबल महावीर और कांस्टेबल प्रदीप अपनी निजी बाइक से रामदरबार के बीट एरिया में पेट्रोलिंग ड्यूटी पर थे। इस दौरान उनकी नजर हत्या के प्रयास मामले में वांटेड दीपक उर्फ दीपा पर पड़ी। आरोपी दीपा एक बाइक पर पीछे बैठा था और उसका चालक हत्या के प्रयास व आर्म्स एक्ट में दर्ज केस में जमानत पर छूटा आरोपी अनिल था।
पुलिसकर्मियों के पीछा करने पर आरोपी अनिल साथी दीपा को छोड़कर बाइक समेत मौके से फरार हो गया लेकिन हेड कांस्टेबल महावीर ने वांटेड दीपक उर्फ दीपा को दबोचे रखा। यह देखकर उसके अन्य साथियों ने पुलिसकर्मियों पर पथराव कर डाला। इसमें सेक्टर-31 थाने में कार्यरत हेड कांस्टेबल महावीर सिंह और कांस्टेबल प्रदीप कुमार लहूलुहान हो गए लेकिन बहादुर पुलिसकर्मियों ने वांटेड आरोपी को अपनी गिरफ्त से छूटने नहीं दिया और एसएचओ इंस्पेक्टर गुरजीत कौर को सूचित किया। उन्होंने भी बगैर देरी किए थाने के सभी पुलिसकर्मियों को मौके पर पहुंचने को कहा और स्वयं भी निकल पड़ीं।
नतीजतन मौके पर पहुंचे पुलिसकर्मियों ने पथराव करने वाले एक आरोपी को धर लिया लेकिन अन्य फरार हो गए। पुलिस के हत्थे चढ़े वांटेड आरोपी की पहचान सेक्टर-31 थाने में बीते वर्ष 17 सितंबर को आर्म्स एक्ट व हत्या के प्रयास और इस वर्ष 14 मार्च को उक्त थाने में ही दर्ज हत्या के प्रयास मामले में वांछित रामदरबार फेज-2 निवासी दीपक उर्फ दीपा के रूप में हुई है। आरोपी को भी उसके साथियों के किए पथराव में चोटें आई हैं। पुलिसकर्मियों पर पथराव करने वाले आरोपी की पहचान अकरम खान उर्फ सोनू के रूप में हुई है, जिसे कांस्टेबल प्रदीप की मदद से पकड़ा जा सका।
हमलावरों और पुलिस के बीच होती इस मुठभेड़ के समय मौके पर लोगों का उनके घरों के बाहर जमावड़ा लग गया। लेकिन पुलिसकर्मियों ने हार नहीं मानी और आरोपियों को धर दबोचा। हालांकि पथराव करने वाले उनके अन्य साथी मौके से फरार होने में कामयाब रहे। फरार आरोपी हमलावरों में गौरव, अमन और अनिल हैं। पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए उनके घरों समेत अन्य ठिकानों पर छापेमारी की लेकिन उनका सुराग नहीं लगा।
हिस्ट्रीशीटर हैं गिरफ्तार आरोपी
पुलिस जांच में पता लगा कि आरोपी दीपा, अनिल, अमन और गौरव कई केसों में संलिप्त रहे हैं। आरोपी दीपक उर्फ दीपा बीते वर्ष और इस वर्ष दर्ज हत्या के प्रयास सहित आईपीसी की अन्य धाराओं में दर्ज दो केसों में वांटेड था। इसके अलावा वह लड़ाई-झगड़े के दो केसों में दोषी भी है। जबकि हत्या के प्रयास समेत लूट और चोरी के दर्ज तीन केसों में वह बरी हो चुका है।