महिला से दुराचार के मामले में पठानकोट निवासी और वर्तमान में सेक्टर-45 निवासी रवि कुमार को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश अंशु शुक्ला ने 10 साल कैद की सजा सुनाई है।
साथ ही अदालत ने उस पर एक लाख रुपये जुर्माना भी लगाया है। इसे अदालत ने बतौर मुआवजा पीड़िता को देने के आदेश दिए हैं।
4 अक्तूबर, 2014 को सेक्टर-34 थाना पुलिस में दी शिकायत में पीड़िता ने कहा था कि वह अपने दो बच्चों के साथ सेक्टर-37 में रह रही थी। उसके पति तीन साल पहले गुजर गए थे। मई 2013 में वह सेक्टर-43 स्थित एक शोरूम में टू व्हीलर खरीदने गई थी।
वहां उसकी रवि से जान पहचान हुई। रवि वहां बतौर टीम लीडर काम करता था। टू व्हीलर खरीदने के बाद रवि ने आरसी के लिए उनसे कुछ दस्तावेज मांगे। रवि ने वह दस्तावेज खुद ही उनके घर आकर ले जाने की बात कही। वहां उसने पीड़िता को शादी के लिए प्रपोज कर दिया। इसके बाद रवि का पीड़िता के घर आना-जाना शुरू हो गया।
आरोप के अनुसार शादी के नाम पर रवि पीड़िता से जबरन शारीरिक संबंध बनाने लगा। पीड़िता के अनुसार जब उसने कई बार संबंध बनाने से इंकार किया तो वह उससे मारपीट करने लगता था। 10 मार्च, 2014 को रवि पीड़िता को सेक्टर-45 स्थित एक मकान में ले गया, वहां उसने जबरन शारीरिक संबंध बनाए।
इसके बाद पीड़िता ने अपना निवास बदल दिया। इसके बावजूद रवि ने उसका पीछा नहीं छोड़ा और उसके नए घर में आने लगा। कुछ समय बाद पीड़िता को पता चला कि रवि की शादी होने वाली है।
रवि 3 अक्तूबर, 2014 की देर रात पीड़िता के घर आया और उससे जबरन संबंध बनाए। इसके बाद अगले दिन पीड़िता ने सेक्टर-34 थाना पुलिस को मामले की शिकायत दी। पुलिस ने रवि के खिलाफ केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया।