पिता की मौत का असर युवती के दिमाग पर इतना ज्यादा पहुंचा कि वो डिप्रेशन में चली गई। उसका ईलाज कराने के लिए उसे अस्पताल में दाखिल कराया गया लेकिन वहां उसके अपनों ने ही उसका फायदा उठा लिया। पिता की मौत के बाद मानसिक संतुलन खो बैठी युवती के साथ उसके मौसा ने ही दुराचार किया। डॉ. विद्या सागर अस्पताल में एक मई को यह घटना तब हुई जब युवती वहां उपचाराधीन थी।
पीड़िता फाजिल्का की रहने वाली है। डिप्रेशन में आई युवती को बीते सप्ताह ही डॉ. विद्या सागर अस्पताल में दाखिल करवाया गया था। आरोपी मौसा तीमारदारी के लिए पीड़िता के पास ही रहता था। पीड़ित युवती ने पुलिस को बताया कि 29 अप्रैल को अस्पताल में पैसे जमा करवाने थे।
मां पैसों का इंतजाम करने के लिए फाजिल्का चली गई। मौसा इंद्र सिंह युवती की देखरेख के लिए अस्पताल में ही रहा। मां मेरी हिफाजत के लिए अपने जीजा (मौसा) को छोड़ गई थी। मौसा इंद्र सिंह रात को उसके कमरे में ही सोता था। एक मई की रात जब युवती दवा की डोज लेकर सो गई तो उसके मौसा ने उसके साथ दुराचार किया।
दवा इतनी स्ट्रांग थी कि उसे अपने साथ हुई घटना का पता नहीं चला। दो मई की सुबह जब नींद खुली तो उसे आपबीती का एहसास हुआ। पीड़िता ने जैसे ही घटना की जानकारी मां को दी उसका मौसा मौके से फरार हो गया। पुलिस ने पीड़िता के बयान पर आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। जांच अधिकारी इंसपेक्टर तेजिंदर सिंह ने बताया कि गिरफ्तारी के लिए आरोपी की तलाश की जा रही है।