दिल्ली में मारी गई शैलजा का सोमवार को अमृतसर के श्री दुर्ग्याणा शिवपुरी में अंतिम संस्कार कर दिया गया। इस दौरान मां के शव से लिपटते छह साल के मासूम को देखकर सभी के आंखें नम हो गई। इस दौरान शैलजा के भाई सुकरण कालिया ने हत्या के आरोपी निखिल हांडा को फांसी देने की मांग की है।
उन्होंने कहा कि हांडा ने शैलजा के साथ अपने संबंधों को गलत रुप से पेश किया, जबकि उनकी बहन ऐसी नहीं थी। वह हंसमुख थी, सभी से प्यार से बोलती थी, जिसका गलत मतलब निकाला गया। हांडा ने उसकी सभी हदों को पार करते हुए उसकी हत्या कर दी। उन्होंने कहा कि उनकी बहन के बारे में गलत प्रचार किया जा रहा है। हो सकता है कि हांडा को एक तरफा प्यार हो, लेकिन शैलजा अपने पति और बच्चे के साथ खुश थी।
साल में तीन से चार बार उनकी भी अपनी बहन और जीजा से मुलाकात हो जाती थी। एक सनकी फौजी ने उनकी दुनिया उजाड़ दी। इसलिए उसको फांसी की सजा होनी चाहिए, ताकि दूसरों को सबक मिल सके।
जीएनडीयू में बतौर लेक्चरार कैरियर शुरू करने वाली अमृतसर की शैलजा ने 2009 में शादी के बाद नौकरी छोड़ दी थी। पिछले साल घर बैठे बैठे ही मिसेज इंडिया अर्थ प्रतियोगिता के लिए मन में ठानी और प्रतियोगिता में शामिल होकर देश की 48 युवतियों में जगह बना ली।
स्थानीय पुतलीघर की गली नंबर तीन में रहने वाली शैलजा ने बीबीके डीएवी कालेज से ट्रैवल एंड टूरिज्म में ग्रेजुएशन करने के बाद गुरु नानक देव विश्वविद्यालय से जियोग्राफी और टाउन प्लानिंग में पोस्ट ग्रेजुएशन की थी। उसके बाद पांच साल तक बतौर लेक्चरार काम किया। पढ़ाई के दौरान सामाजिक कार्य करते हुए एनजीओ कैच एंड केयर के तहत गरीब बच्चों को शिक्षा भी दी।