एक 19 वर्षीय युवती लव, सेक्स और धोखे का ऐसा शिकार हुई कि उसकी जिंदगी तबाह हो गई। मामला कॉलेज आते-जाते समय शुरू हुआ और एफआईआर पर खत्म। एक युवक ने उसका पीछा किया और दोस्ती नहीं करने पर जान देने की बात कही। युवक ने अपने प्रेम जाल में ऐसे फंसा लिया कि उसे अपने घर ले गया। शादी करने का झांसा देकर अकेले में ले गया और दुष्कर्म किया। बाद में शादी से मना कर दिया तो युवती ने पुलिस में कंप्लेंट कर दी। दुष्कर्म का केस दर्ज न हो इसलिए युवक ने युवती से मंदिर में शादी कर ली।
आरोप है कि शादी करने के बाद युवक व उसके परिजनों की युवती पर यातनाएं करनी शुरू कर दी। युवक ने उससे अप्राकृतिक संबंध बनाए। विरोध करने पर उसे मारपीट कर घर से निकाल दिया गया। परेशान विवाहिता ने इसकी शिकायत पुलिस को दी। पुलिस ने मामले में उसके आरोपी पति के खिलाफ अप्राकृतिक संबंध बनाने व ससुराल पक्ष के आठ अन्य लोगों पर दहेज उत्पीड़न के आरोप में केस दर्जकर कार्रवाई शुरू कर दी है।
शादी का झांसा देकर घर बुलाया और रेप किया
पीड़िता ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि शादी से पहले वह रादौर के एक कालेज में पढ़ती थी। जहां साल 2016 में बरेहड़ी निवासी युवक ने उसका पीछा करना शुरु कर दिया। आरोपी बार बार उसे फ्रेंडशिप करने का ऑफर करने लगा। लेकिन उसने मना कर दिया। आरोपी के बार बार कहने पर वह उसकी बातों में आ गई और उसके बाद युवक ने उसे अपनी बहन से मिलवाया। अगस्त 2016 को उसकी बहन ने उसे घर बुलाया। उनकी बातों में आकर वह उनके घर पहुंच गई। जहां आरोपी की बहन ने उनकी शादी कराने का आश्वासन दिया।
आरोप है कि इस दौरान आरोपी ने उसे एक कमरे में ले जाकर वहां उससे दुष्कर्म किया। उसने विरोध तो आरोपी की बहन ने उनकी जल्द शादी कराने की बात कहकर चुप कराया। इसके बाद आरोपी ने उसे मोबाइल दिया और उससे फोन पर बात करने लगा। आरोप है कि इसके बाद युवक ने उससे कई बार दुष्कर्म किया। आरोपी ने शादी का झूठा आश्वासन देकर आरोपी उससे एक साल तक दुष्कर्म करता रहा। अंतिम बार 18 जून 2017 को उससे यौन शोषण किया। लेकिन उससे शादी नहीं की। दोबारा बात करने पर जान से मारने की धमकी दी।
एसपी को शिकायत देने के बाद की थी मंदिर में शादी
संबंध बनाने के बाद भी शादी न करने पर उसने 27 जुलाई 2017 को एसपी को शिकायत दी। एसपी ने उसकी शिकायत जांच के लिए महिला थाना में भेज दी। उसके बाद महिला थाना पुलिस ने आरोपी व उसके घरवालों को बुलाया। तब आरोपी के घरवालों से अपनी गलती की माफी मांगी और पुलिस वालों से दरखास्त पर कोई कार्रवाई ना करने को कहा। इसके बाद 10 अगस्त 2017 को दोनों पक्षों के लोगों व रिश्तेदारों के सामने दुर्गा मंदिर में उनकी शादी कराई गई।
कार भी मांगी
उसने बताया कि शादी के कुछ दिन बाद ही उसके ससुराल वालों का उसके प्रति व्यवहार बदल गया और वे कार मांगने लगे। वे ताने मारते हुए कहते थे कि हमने तो तुम्हारी शादी दुष्कर्म का केस दर्ज ना होने पर की थी। आरोपी उसे धमकाते थे कि हम तुझे कभी माफ नहीं करेंगे और ना तुझे बहू के रुप में स्वीकार करेंगे।
अप्राकृतिक संबंध बनाकर बोला, दुष्कर्म केस दर्ज न हो, इसलिए की थी शादी
पीड़िता ने बताया कि बीती 14 जनवरी की रात उसका पति शराब पीकर घर पर आया और रात को उसके साथ अप्राकृतिक यौन संबंध बनाए। जब उसने उसे ऐसा करने से मना किया तो वह कहने लगा कि मैं तुझसे शादी नहीं करना चाहता था, लेकिन दुष्कर्म का केस दर्ज ना हो इसलिए उसने व उसके घरवालों ने महिला थाना में माफी मांगने का ड्रामा किया था। तुझसे शादी सिर्फ किसी भी प्रकार की कानूनी कार्रवाई व पुलिस से बचने के लिए की थी।
जांच अधिकारी एएसआई रामकुमार का कहना है कि मामले में विवाहिता की शिकायत पर उसके पति पर अप्राकृतिक संबंध बनाने, सास, ससुर, ननद, तायसरा व चार अन्य ससुराल पक्ष के लोगों पर दहेज उत्पीड़न का केस दर्ज किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जांच के बाद आगामी कार्रवाई करेंगे।