जब वकील ने कमरे में से बाहर देखा तो सिद्धू हाथ में बंदूक लिए अपने दामाद पर गोलियां चला रहा था। अधिवक्ता ने कमरे में अंदर से कुंडी लगा ली और सभी लोग टेबल के नीचे छिप गए। एक गोली मीडिएशन वाले कमरे के दरवाजे की तरफ भी चली। गोलियों की आवाज सुनकर आसपास के अन्य कर्मचारी व वकील एकत्र हो गए और उन्होंने एआईजी को पकड़कर एक कमरे में बंद कर दिया।
सूचना पाते ही कोर्ट की सिक्योरिटी सहित स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंचीं और घायल हरप्रीत सिंह को सेक्टर-16 अस्पताल में ले गए लेकिन बीच रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। घटनास्थल पर पुलिस अफसरों के अलावा एफएसएल की टीमें जांच कर रही है। गोली लगने वाली जगह को पुलिस द्वारा सील कर दिया गया है। जिला कोर्ट के शासन जज सहित अन्य कई न्यायाधीश भी मौके पर पहुंचे हैं।
पहले भी विवादों में रहा है सिद्धू
रिटायर्ड एआईजी सिद्धू पहले भी विवादों में रह चुके हैं। पिछले साल वे भ्रष्टाचार मामले में गिरफ्तार हुए थे। गिरफ्तारी के दौरान उन्होंने पुलिस के साथ हाथापाई की थी। तब भी उन्होंने अपने दामाद पर आरोप लगाए थे।