जिला अदालत में पेशी पर आए कैदी को बख्शीखाने में परिजनों से मिलवाने और उसकी एवज में पैसे लेने के आरोप के मामले में एएसआई गुरनाम सिंह के खिलाफ एएसपी साउथ ने एसएसपी को प्रारंभिक जांच रिपोर्ट भेज दी है। रिपोर्ट में उन्होंने एएसआई को सस्पेंड करने की सिफारिश की है। साथ ही उसके खिलाफ विभागीय जांच शुरू करवाने की संस्तुति की है। हालांकि अभी रिपोर्ट एसएसपी को नहीं मिल पाई है।
बता दें कि बुधवार को बख्शीखाने में तैनात एक कांस्टेबल ने पुलिस कंट्रोल रूम में एएसआई पर कैदी को परिजनों से मिलवाने के लिए पैसे लेने की शिकायत दी थी। इससे पहले कांस्टेबल ने एएसआई की तस्वीरें और वीडियो बनाई थी। इस पर मामले की जांच सेक्टर-43 स्थित आईएसबीटी चौकी इंचार्ज एसआई सर्वजीत सिंह को सौंपी गई थी। उन्होंने बख्शीखाने में तैनात पुलिस कर्मचारियों, कैदी और उसके परिजनों के बयान दर्ज किए थे।
साथ ही उन्होंने बख्शीखाने की सीसीटीवी फुटेज निकाली थी। उन्होंने इसकी रिपोर्ट बनाकर एएसपी साउथ नवदीप बराड़ को सौंपी थी। एएसपी नवदीप बराड़ के अनुसार मामले की जांच रिपोर्ट आने के बाद उन्होंने इसे एसएसपी को भेज दी है। इसमें उन्होंने संबंधित एएसआई को सस्पेंड करने और उनके खिलाफ जांच शुरू करने की संस्तुति की है।
एसपी के अनुसार फिलहाल ऐसा कोई सबूत नहीं मिला है जिसमें एएसआई गुरनाम को किसी से पैसे लेने की बात सामने आई हो, लेकिन सीसीटीवी फुटेज में एक कैदी को उसके परिजनों से बख्शीखाने में ही मिलते पाया गया है। बख्शीखाने में कैदियों को उनके परिजनों से मिलवाना नियमों के विरुद्घ है। कैदी को न्यायिक हिरासत में ले जाने की एक प्रक्रिया है। एएसआई ने इसे तोड़ा है। उसने कैदी को बख्शीखाने में उसके परिजनों से मिलवाया है।
डॉ. सुखचैन सिंह गिल, एसएसपी ने बताया कि फिलहाल मुझ तक जांच रिपोर्ट नहीं पहुंची है। रिपोर्ट मिलने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है। अगर एएसआई दोषी पाया गया तो उनके खिलाफ कार्रवाई जरूर की जाएगी।