पंजाब पुलिस ने एक ऐसे दंपति का पर्दाफाश किया है, जो बेहद शातिर तरीके से नाबालिग बच्चों की तस्करी कर रहे थे। वे नाबालिग बच्चों को अपना बच्चा बनाकर अमेरिका छोड़ देते थे। आरोपी दंपति की पहचान अमनदीप सिंह निवासी जीटीबी नगर और उसकी पत्नी हरजिंदर कौर के तौर पर हुई है। पुलिस ने दोनों को नामजद कर एक बच्चे के पिता पर भी केस दर्ज किया है।
पुलिस ने आरोपी अमनदीप सिंह और बच्चे के पिता सरबप्रीत सिंह को काबू कर लिया है, वहीं हरजिंदर कौर फरार है। पुलिस ऐसे मामले में अब तक चार दंपति को बेनकाब कर चुकी है, जिन्होंने करीब 20 बच्चों को अमेरिका पहुंचाया है। इस काम की एवज में दंपति ने 8 लाख से लेकर 26 लाख रुपये तक प्रति बच्चा वसूल किए।
एडीसी (पी) क्राइम विवेकशील सोनी ने बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि अमनदीप सिंह और उसकी पत्नी हरजिंदर कौर ने तीन बच्चों को अपना बेटा बनाकर अमेरिका पहुंचाया है। अमनदीप सिंह और उसकी पत्नी हरजिंदर कौर के पास अमेरिका का 10 साल की वीजा था। उन्होंने जसबीर सिंह, अजीत सिंह और गुरतेज सिंह नाम के तीन पासपोर्ट बनवा तीन बच्चों को अपना बेटा दिखाकर अमेरिका पहुंचा दिया। इसकी एवज में 26 लाख रुपये प्रति बच्चा वसूल किया गया।
एडीसीपी सोनी के मुताबिक अजीत सिंह का असली नाम जोबनप्रीत सिंह है। उसके पिता सरबप्रीत सिंह ने अपने बेटे को अमनदीप का बेटा दिखाकर अमेरिका पहुंचा दिया। पुलिस ने अमनदीप सिंह और सरबप्रीत सिंह को काबू कर लिया है। विवेकशील सोनी के मुताबिक इस गोरखधंधे में दविंदर कुमार व उसकी पत्नी सुमन लत्ता भी शामिल हैं, जिन्होंने चार बच्चों को अपना बेटा बनाकर अमेरिका पहुंचाया। दविंदर कुमार पहले से जेल में है।
उन्होंने जगजीत सिंह नामक बच्चे को अजय कुमार बनाकर अमेरिका भिजवाया। तीसरा दंपति करण शर्मा और उसकी पत्नी राखी शर्मा फरार हैं। इन्होंने तीन बच्चों को अमेरिका पहुंचाया, जिनके नकली नाम अनिल शर्मा, अजय शर्मा और रवि शर्मा रखे गए थे। इनके पासपोर्ट बनवाकर करण तीनों को अमेरिका छोड़कर आया था। चौथा दंपति दीपक मोदी और उसकी पत्नी कोमल मोदी है। दोनों फरार हैं, इन तीन बच्चों के पासपोर्ट अपना बेटा दिखाकर बनवाए, जिनके नाम पंकज मोेदी, अभि मोदी, सूरज मोदी है। तीनों को 2015 में दीपक मोदी अमेरिका छोड़कर आया था। दीपक मोदी व उसकी पत्नी कोमल फरार चल रहे हैं।