बीएड की डिग्री मात्र सवा लाख में मिले, वो भी एक साल में बिना कोई क्लास अटैंड करे तो सोचिए कौन खरीदना नहीं चाहेगा। ऐसा ही फर्जीवाड़ा सामने आया है एआईपीएमटी के खुलासे के बाद रोहतक में एमडीयू के सेंटरों पर। यहां बगैर कक्षा ज्वाइन किए बीएड कराने का झांसा देकर अभ्यर्थियों से सवा लाख रुपये तक ऐंठे गए।
दिल्ली में सेंटर खोलकर यह गोरखधंधा चलाया जा रहा था। पैसा वसूलने के बाद 25 विद्यार्थियों को एमडीयू से रोल नंबर अलॉट कराने और फिर रोहतक के ही सेंटर पर परीक्षा दिलाने के लिए बुलाया गया तो खेल का खुलासा हुआ। रोल नंबर न मिलने पर हंगामा होने पर पुलिस मौके पर पहुंची।
पुलिस ने दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए हैं। एमडीयू प्रशासन का कहना है कि यूनिवर्सिटी का कोई भी सेंटर दिल्ली में नहीं है। ठगी का शिकार हुए अभ्यर्थियों ने आईजी ऑफिस पहुंच कर दुखड़ा सुनाया। आईजी श्रीकांत जाधव ने कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
दिल्ली, गुड़गांव और यूपी के अलग-अलग शहरों से आए विद्यार्थियों ने सेक्टर 14 पुलिस चौकी में बताया कि दिल्ली के जनकपुरी और रिंग रोड पर एक कॉलेज ऑफ एजुकेशन की संचालिकाओं ने बीएड कराने का विज्ञापन दिया था। मिलने पर बताया गया कि बगैर एक भी दिए कॉलेज जाए बीएड की नियमित परीक्षा दिला दी जाएगी।
विद्यार्थियों से 56 हजार रुपये फीस ली गई। सभी को परीक्षा सत्र 2015-16 में ही एमडीयू रोहतक के किसी सेंटर से दिलाने की बात कही गई।