राजिंदर सिंह की पत्नी नीना ने बताया कि उनके ससुर की मौत पिछले साल जुलाई में हुई थी। पौने दो एकड़ जमीन ससुर ने उसके पति के नाम की थी। उसका जेठ सुखदेव सिंह इस खेत को हड़पने के लिए षड्यंत्र रच रहा था। उनके ससुर उनके साथ ही रहते थे। उन्होंने सुखदेव सिंह को बेदखल किया हुआ था।
परिवार को डर था कि सुखदेव इस जमीन को लेकर किसी भी घटना को अंजाम दे सकता है। इस संदर्भ में कई बार पुलिस स्टेशन जाकर शिकायत की गई लेकिन पुलिस ने उनकी शिकायतों पर कोई भी ध्यान नहीं दिया। सुखदेव का संबंध शिअद के साथ था। इसलिए पुलिस ने उसके प्रभाव में आकर कोई करवाई नहीं की। एसडीएम ने भी वसीयत की जांच के बाद पति के नाम जमीन होने पर मोहर लगा दी थी।
मोबाइल को लेकर हुए विवाद में किशोर की हत्या
वहीं अमृतसर में एक और हत्या की वारदात सामने आई। मोबाइल फोन को लेकर दोस्तों के दो गुटों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि एक गुट ने दूसरे पर तेजधार हथियारों से हमला कर दिया। इसमें एक नौजवान की मौत हो गई और दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया।
बाबा बकाला के डीएसपी गुरविंदर सिंह ने बताया कि दोस्तों के दो गुटों के बीच एक मोबाइल को लेकर पहले टकराव हुआ। बाद में एक गुट ने दूसरे पर तेजधार हथियारों से हमला कर दिया।
इस हमले में गांव सठियाला निवासी संदीप सिंह उर्फ शालू(18) और गुरप्रीत सिंह (22) गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को सरकारी अस्पताल में दाखिल करवाया गया जहां डॉक्टरों ने संदीप को मृत घोषित कर दिया। गुरप्रीत की हालत गंभीर बनी हुई है। एसएचओ ने बताया कि संदीप सिंह के माथे और जांघ पर तेजधार हथियारों से वार किए गए थे। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।