बरसात और ओलावृष्टि से 28 एकड़ गेहूं की फसल बर्बाद होने से दुखी पंजाब के एक किसान ने आत्महत्या कर ली। मामला पंजाब के मुक्तसर जिले के गांव भलाईआणा का है। किसान ने राजस्थान नहर में छलांग लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त की है। मृतक की पहचान किसान साधू सिंह (62) पुत्र सतापा सिंह के रूप में हुई है।
परिजनों के अनुसार किसान शनिवार से लापता था। रविवार को उसका शव नहर से मिला है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को गिद्दड़बाहा के सिविल अस्पताल में रखवा दिया है। मृतक के बेटे हरप्रीत सिंह ने बताया कि गत दिनों लगातार हुई बरसात से उनकी गेहूं की फसल पूरी तरह से बर्बाद हो गई है।
तीन एकड़ जमीन उनकी है। वहीं 25 एकड़ जमीन ठेके पर ले रखी थी। इसमें गेहूं की बिजाई की थी। सारी फसल बर्बाद होने से पिता दुखी थे। साथ ही उन्हें 25 एकड़ जमीन का ठेका देने की चिंता भी सता रही थी। शनिवार को पिता अचानक घर से कहीं निकल गए जो काफी तलाश के बावजूद नहीं मिले। रविवार देर शाम करीब पांच बजे गांव दोदा से गुजरने वाली राजस्थान नहर के सोथा हेड के पास उनका शव मिला। पुलिस चौकी दोदा के प्रभारी गुरमीत सिंह ने बताया कि शव को कब्जे में ले लिया गया है। मृतक के परिजनों के बयान पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।