बरनाला के तपा मंडी की रहने वाली 22 साल की युवती अर्शप्रीत कौर ने पटियाला-संगरूर रोड पर स्थित भाखड़ा नहर के पसियाना पुल से कूदकर आत्महत्या कर ली। प्रेमी और उसके परिजनों के शादी से इनकार करने के बाद उसने यह कदम उठाया। बताया जा रहा है कि अर्शप्रीत का परिवार आरोपियों की मांग पूरी नहीं कर पाया था। मामले में पुलिस ने मृतका के भाई के बयान पर प्रेमी, उसके माता-पिता व भाई के खिलाफ खुदकुशी के लिए उकसाने के आरोप में मामला दर्ज कर लिया है।
फिलहाल केस में किसी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। आरोपियों में प्रेमी सवरन सिंह, उसके पिता निर्मल सिंह, माता और भाई सिमु सभी निवासी गांव जवाहरके जिला मानसा शामिल हैं। कर्णदीप सिंह निवासी तपा मंडी जिला बरनाला ने पुलिस को बयान दिया है उसकी बहन अर्शप्रीत कौर (22) बठिंडा के एक आईलेट्स इंस्टीट्यूट में पढ़ाती थी।
रोजाना की तरह 15 अप्रैल को वह ड्यूटी पर गई थी। शाम को वह वापस नहीं आई तो आईलेट्स इंस्टीट्यूट से पता चला कि अर्शप्रीत सुबह ही वहां से घर में जरूरी काम होने की बात कहकर निकल आई थी। इसके बाद उसने अपनी स्कूटी बठिंडा के बस स्टैंड पर खड़ी की और बस से पटियाला चली गई। इसी बीच रात करीब आठ बजे बरनाला के थाना तपा मंडी से सूचना मिली कि अर्शप्रीत कौर का शव पसियाना के नजदीक भाखड़ा नहर से मिला है।
नहर के नजदीक से मिले मृतका के एक पर्स से बरामद आधार कार्ड से उसकी पहचान की गई। भाई ने बताया कि अर्शप्रीत कौर के मानसा के रहने वाले सवरन सिंह नाम के युवक से प्रेम संबंध थे। इसी बीच दो साल पहले लड़के की मोहाली में पीडब्लूडी विभाग में नौकरी लग गई। एक साल पहले दोनों की शादी के लिए परिवार राजी भी हो गए लेकिन कुछ समय पहले वह लोग शादी की तारीख तय करने सवरन सिंह के घर उसके माता-पिता से मिलने पहुंचे तो वहां उन्होंने शादी के लिए कई मांगें रख दीं।
मांगें पूरी करने में असमर्थता जताने पर सवरन सिंह के परिवार ने शादी करने से इनकार कर दिया लेकिन सवरन सिंह लगातार लड़की के संपर्क में रहा और उससे बात करता रहा। इस पर सवरन सिंह के माता-पिता व भाई ने अर्शप्रीत कौर को परेशान करना शुरू कर दिया और उसे धमकी दी गई। इन सब बातों से परेशान होकर उसने नहर में छलांग लगाकर जान दे दी।