खटौली मर्डर केस
सुधा के अधजले शव को मारकंडा नदी में फेंका था
- हत्या में प्रयोग गाड़ी को उत्तर प्रदेश के जिला आजमगढ़ में बेचा
- पुलिस ने आरोपी लवली और रामकुमार को कोर्ट में किया पेश
अमर उजाला ब्यूरो
पंचकूला। खटौली मर्डर केस की मुख्य साजिशकर्ता राजबाला की बड़ी बेटी लवली के पति रामकुमार ने शुक्रवार को पूछताछ के दौरान एक बड़ा खुलासा किया हैै। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी रामकुमार व अन्य सुधा की हत्या करने के बाद शव को कार में डालकर लेकर गए थे, जबकि वारदात को अंजाम देने के लिए बाइक से आए थे। पुलिस कार्रवाई से बचने के लिए हत्या के अगले ही दिन सुधा के अधजले शव को मारकंडा नदी में फेंक किया था और गाड़ी को उत्तर प्रदेश के जिला आजमगढ़ में बेच दिया था। सेक्टर-19 क्राइम ब्रांच पुलिस ने बाइक तो बरामद कर ली है, लेकिन कार और अस्थियों को बरामद करने के लिए आरोपी रामकुमार को कोर्ट में पेश कर चार दिन के रिमांड पर लिया था।
पिस्टल पर लगा था रामकुमार का खून
सीआईए इंस्पेक्टर अमन कुमार ने बताया कि राजबाला समेत तीन मासूमों की गोली मारकर हत्या करने के दौरान आरोपी रामकुमार के हाथ में चोट लगी थी। इसके अलावा उसके हाथ का खून हत्या में प्रयुक्त हथियार पर भी लगा था। जिसे फोरेंसिक लैब से टेस्ट करवाने के लिए शुक्रवार को कोर्ट से परमिशन ली गई है। इससे स्पष्ट हो जाएगा कि चारों लोगों की हत्या इसी ने की है।
लवली को न्यायिक हिरासत में भेजा
लवली की रिमांड अवधि खत्म होने के बाद उसे पुलिस ने पंचकूला कोर्ट में पेश किया, जहां से कोर्ट ने लवली को राजबाला समेत तीन मासूमों और उपेंद्र की पत्नी सुधा की हत्या के मामले में न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। जबकि कोर्ट ने लवली के पति रामकुमार को राजबाला मर्डर केस में न्यायिक हिरासत में भेजा है और सुधा केस में पुलिस को चार दिन का समय रिमांड के लिए दिया है।
पुलिस हिरासत में सुरेशपाल और मोहित
क्राइम ब्रांच पुलिस ने सुधा मर्डर केस में फरार चल रहे राजबाला के भाई सुरेश पाल और उसके बेटे मोहित को भी हिरासत में ले लिया है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि दोनों से लगातार पूछताछ की जा रही है। हालांकि दोनों की अभी तक गिरफ्तारी नहीं दिखाई गई है।
सुधा ने रची थी राजबाला की हत्या की साजिश
खटौली मर्डर केस जांच के दौरान यह भी निकल कर आ रहा है कि सुधा ने लवली के साथ मिलकर अपनी सास राजबाला के मर्डर का प्लान तैयार किया था। इसके लिए सुधा ने लवली को प्रॉपर्टी का लालच दिया था। लेकिन लवली ने सुधा की प्लानिंग को राजबाला से शेयर कर दिया था। इसी के चलते राजबाला ने बेटी लवली और उसके पति रामकुमार के साथ मिलकर हत्या की थी। हालांकि पुलिस अधिकारी इस मामले से अनभिज्ञता जता रहे हैं। सीआईए इंस्पेक्टर अमन कुमार का कहना है कि लवली और सुधा के बीच छत्तीस का आंकड़ा था। इसलिए वह अपनी भाभी का साथ किसी भी सूरत में नहीं दे सकती है। वहीं, उन्होंने बताया कि सुधा के पति उपेंद्र की मौत के मामले में अभी तक कुछ भी हाथ नहीं लगा है। क्योंकि न तो उपेंद्र का शव मिला है और न ही उससे जुड़े कोई सुराग ही हाथ लगे हैं।