पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने केंद्र को अपने उन निर्देशों जिसमें उद्योगों और दुकानों, व्यापारिक प्रतिष्ठानों और उद्योगों को लॉकडाउन में अपने श्रमिकों को पूरा वेतन देना जारी रखने के लिए कहा गया है, पर फिर से विचार करने की अपील की है। कैप्टन ने कहा कि ऐसा करना प्रतिष्ठानों को दिवालियापन की तरफ धकेल सकता है। उन्होंने केंद्र को इस मुश्किल समय में मजदूरों के हितों की रक्षा के लिए नए समाधानों की तलाश करने का आग्रह किया।
30 अप्रैल के बाद मंडियों में गेहूं लाने वाले किसानों को बोनस देने की मांग
पंजाब में 15 अप्रैल से शुरू हो रहे गेहूं कटाई और खरीद सीजन के मद्देनजर मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर, 30 अप्रैल के बाद मंडियों में गेहूं लाने वाले किसानों को बोनस देने की मांग दोहराई है।
सीएम ने कहा कि केंद्र को 1 मई के बाद मंडियों में गेहूं लाने वाले किसानों के लिए एमएसपी के अलावा 100 रुपये प्रति क्विंटल और 31 मई के बाद गेहूं लाने वालों के लिए 200 रुपये प्रति क्विंटल बोनस देने का तुरंत एलान करना चाहिए, ताकि किसानों को मंडी में उपज संभालने में आई अतिरिक्त लागत और फसल में आई कमी के लिए मुआवजा दिया जा सके। मुख्यमंत्री ने पत्र में लिखा कि राज्य को रबी सीजन 2019-20 के दौरान लगभग 18.5 मिलियन टन गेहूं की कटाई की उम्मीद है और मार्केट में लगभग 13.5 मिलियन टन आमद की संभावना है।