पिछले 27 दिनों से सील बापूधाम के लोगों का आखिरकार मंगलवार को सब्र टूट पड़ा। लोगों में रोष था कि उनका क्या कसूर, इस कैद से आजादी कब मिलेगी, आटा और चावल से जिंदगी नहीं गुजरने वाली है। सैकड़ों की संख्या में लोग बापूधाम की गलियों में इकट्ठा हो गए। हालात बिगड़ते देख मौके पर एसडीएम समेत पुलिस पहुंच गई।
इसके बाद आला अधिकारियों ने किसी तरह लोगों के गुस्से को शांत करवाया। जानकारी के अनुसार, मंगलवार दोपहर करीब 1.30 बजे बापूधाम फेस-2 समेत आसपास के लोग सैकड़ों की संख्या में अचानक अपने घरों के बाहर निकल आए। यह देखकर मौके पर एसडीएम सुधांशु, डीएसपी दिलशेर सिंह चंदेल, सेक्टर 26 थाना प्रभारी नरेंदर पटियाल, चौकी इंचार्ज रोहिताश समेत अन्य पुलिस कर्मियों ने मोर्चा संभाला। इस दौरान लोगों में गुस्सा भी देखने को मिला।
सभी के जुबान पर एक ही सवाल था कि आखिरकार उन्हें कब तक अपने घरों में कैद रहना पड़ेगा, जबकि उनका एरिया बफरजोन में होने के बावजूद वह पिछले करीब 27 दिनों से अपने घरों में कैद है। प्रशासन राशन तो पहुंचा देता है, लेकिन इससे जिंदगी नहीं चलने वाली। करीब एक घंटे के बाद किसी तरह मामला शांत करवाकर लोगों को आश्वासन दिया गया कि जल्द से जल्द मसले का हल निकला जाएगा।