स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू और तकनीकी शिक्षा मंत्री चरणजीत सिंह चन्नी
कोरोना वायरस से बुधवार को चंडीगढ़ पीजीआई में जान गंवाने वाले गांव चतामली के सरपंच का गुरुवार को गांव के ही श्मशान घाट में अंतिम संस्कार किया गया। डीसी सोनाली गिरी ने बताया कि मृतक का संस्कार चंडीगढ़ में प्रशासन द्वारा किया जाना था, जिसके लिए सारी तैयारी भी हो गई थी लेकिन परिजनों ने उनसे मांग की कि वह मृतक का अंतिम संस्कार गांव में ही करना चाहते हैं।
इसके बाद उन्होंने चंडीगढ़ प्रशासन और पीजीआई के अधिकारियों से बात की और सारी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद शव को गांव ले आए। डीसी ने बताया कि प्रोटोकॉल के अनुसार पांच व्यक्ति अंतिम संस्कार के समय हाजिर रहे और मृतक को मुखाग्नि उनके एक परिजन द्वारा दी गई। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग के दो कर्मियों समेत दो वॉलंटियर भी मौके पर मौजूद थे।
वहीं मंत्री चरणजीत सिंह चन्नी और बलबीर सिंह सिद्धू ने मृतक को श्रद्धांजलि भेंट की। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि मृतक के परिवार के साथ उनके पुराने संबंध हैं। मंत्री चन्नी ने मृतक का अंतिम संस्कार करने देने के लिए गांव के लोगों का धन्यवाद किया। मृतक की पत्नी और बेटे की रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई है और वे बनूड़ के ज्ञान सागर अस्पताल में भर्ती हैं। परिवार कोरोना का शिकार कैसे बना, इसकी अभी तक कोई जानकारी नहीं मिल पाई है। जिस मेडिकल कैंप पर शक था, उस कैंप में आए ऑस्ट्रेलिया के छह लोगों की रिपोर्ट भी निगेटिव आई है।