कुरुक्षेत्र से भाजपा सांसद राजकुमार सैनी ने कहा कि ओबीसी के 27 प्रतिशत आरक्षण के साथ सरकार ने छेड़छाड़ का प्रयास किया तो उसका करार जवाब दिया जाएगा। वह जाटों के आरक्षण के विरोधी नहीं है, बशर्ते ओबीसी के आरक्षण के साथ छेड़छाड़ नहीं किया जाए।
उन्होंने सभी पार्टियों के नेताओं और कार्यकर्ताओं को दलगत राजनीति से ऊपर उठकर पिछड़ा वर्ग के हितों की लड़ाई लड़ने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि अब तक कुछ दलों ने सत्ता के लिए पिछड़ा वर्ग का इस्तेमाल किया लेकिन उन्हें राजनीतिक, सामाजिक और शैक्षणिक अधिकारों से वंचित रखकर पीछे धकेलने का काम किया।
राजकुमार सैनी शनिवार को नरवाना में श्री विश्वकर्मा धर्मशाला में आयोजित पिछड़ा वर्ग जागृति कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। सम्मेलन की अध्यक्षता राजकुमार सैनी ने की।
जाति आधारित जनगणना कराने की मांग की
सैनी ने जातिगत आधारित जनगणना करने की मांग करते हुए कहा कि अब जातियों की संख्या के आधार पर ही आरक्षण देना चाहिए। जिस जाति के लोग पहले अधिक लाभ उठा चुके हैं, उनसे फालतू पद वापस ले लेना चाहिए।
उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि यदि अब पिछड़ा वर्ग के हितों के साथ किसी ने भी खिलवाड़ करने की कोशिश की तो इसका करारा जवाब देंगे। सात मई को दिल्ली के जंतर-मंतर पर विशाल प्रदर्शन किया जाएगा।
सांसद ने कहा कि वह अपना आरक्षण बचाने के लिए संघर्ष करेंगे। इस मौके पर कांग्रेस नेता भूपेंद्र सिह गंगवा, रामपाल राठी, डॉ. रामचंद्र जांगड़ा, एडवोकेट दयाल सिंह धरोदीवाला, सतबीर वर्मा, राजेंद्र तंवर, ओमबीर, पाल सैनी, दयानंद पांचाल, जगदीश नायक, सत्यनारायण पांचाल, मातू राम सैनी, सुरेश पांचाल, कलीराम कंबोज, धर्मपाल जांगड़ा, सरदार जसवंत सिंह, जयसिंह पांचाल, ऋषिपाल धीमान, सूबे सिंह धीमान, संजय रोहिल्ला सहित अनेक कार्यकर्ता मौजूद रहे।