श्री फतेहगढ़ साहिब से मौजूदा कांग्रेसी सांसद सुखदेव सिंह लिबड़ा वीरवार को शिरोमणि अकाली दल में लौट आए।
शिअद के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने उनका पार्टी में स्वागत किया। लिबड़ा इससे पहले शिअद की ओर से राज्यसभा और लोकसभा सदस्य रह चुके हैं। 2009 के चुनाव में वह कांग्रेसी टिकट पर जीते थे।
शिअद में शामिल होने के अवसर पर पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए लिबड़ा ने कहा कि कांग्रेस में टिकटें बिकती हैं। वहां, धड़ेबाजी बहुत हावी है और सिखों की तो बिलकुल ही बात नहीं पूछी जाती। यहां तक कि प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह को भी काम करने की आजादी नहीं है।
अनुसूचित जाति के नेताओं को कांग्रेस में दरकिनार किया जाता है इसलिए उन्होंने कांग्रेस के कल्चर को अलविदा कहते हुए अपने घर वापस आना ही बेहतर समझा। लिबड़ा ने कहा कि वह बिना शर्त के शिअद में शामिल हुए हैं। उनके बेटे रणधीर सिंह कुक्कू भी शिअद में शामिल हो गए।
उनका स्वागत करते हुए सुखबीर सिंह बादल ने कहा कि उनके शिअद में शामिल होने से फतेहगढ़ साहिब में पार्टी प्रत्याशी कुलवंत सिंह को बहुत लाभ मिलेगा। वह कुलवंत सिंह के कंपेन इंचार्ज के रूप में कार्य करेंगे।
सुखबीर ने कहा कि कांग्रेस के नेता बड़ी तादाद में पार्टी छोड़ रहे हैं, क्योंकि उनका वहां कोई सम्मान नहीं है। इस वजह से उनका कांग्रेस से मोह भंग हो रहा है। सुखबीर ने दावा किया कि आने वाले दिनों में कई और कांग्रेसी नेता शिअद में शामिल होंगे। अरविंदर खन्ना और शमशेर सिंह दूल्लो के शिअद में शामिल होने संबंधी चर्चाओं से संबंधित सवाल को वह टाल गए। उन्होंने कहा कि जो भी और नेता कांग्रेस छोडे़गा वह समय पर सामने आ जाएगा।