हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष डॉ. अशोक तंवर और कांग्रेस विधायक दल की नेता किरण चौधरी के नेतृत्व में वीरवार को बड़ी संख्या में पार्टी नेताओं और वर्करों ने शहर के सेक्टर- 17 में मशाल जुलूस निकाला। इस बीच उन्होंने छेड़छाड़ से जुड़े बराला कांड की पीड़िता को इंसाफ दिलाने और आरोपी के पिता हरियाणा भाजपा अध्यक्ष सुभाष बराला के इस्तीफे की मांग दोहराई। जुलूस में चंडीगढ़ कांग्रेस के अध्यक्ष प्रदीप छाबड़ा और पूर्व केंद्रीय मंत्री पवन कुमार बंसल भी शामिल हुए।
इस दौरान डॉ. अशोक तंवर ने कहा कि हरियाणा की भाजपा सरकार सूबे की बहादुर बेटी को गलत इरादे से किडनैप करने की कोशिश के आरोपी तथा हरियाणा भाजपा अध्यक्ष सुभाष बराला के बेटे विकास बराला को बचाने के लिए सभी प्रकार के हथकंडे अपना रही है। उन्होंने कहा कि घटना वाले दिन से ही भाजपा के नेताओं ने चंडीगढ़ पुलिस पर दबाव बनाकर आरोपी विकास बराला पर मामूली धाराएं लगवाईं। इसी आधार पर आरोपी को थाने से ही जमानत दिलवा दी गई। हालांकि कांग्रेस और अन्य सामाजिक संगठनों के काफी विरोध के बाद पुलिस को आरोपी के विरुद्ध दर्ज केस में धाराएं बदलने को मजबूर होना पड़ा। उन्होंने कहा कि अगर भाजपा में थोड़ी सी भी नैतिकता बची है, तो उसे सुभाष बराला से तुरंत इस्तीफा ले लेना चाहिए।
डॉ. तंवर ने कहा कि भाजपा का ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ नारा भी अन्य नारों की तरह ही जुमला निकला। ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ की खेखली बातें करने वाले आज ‘बेटा बचाने’ में लगे हुए हैं। भाजपा चुनाव से पहले नारी उत्थान की बातें करती थी और नारा देती थी ‘बहुत हुआ नारी पर अत्याचार, अबकी बार मोदी सरकार’ लेकिन वही भाजपा सत्ता में आने के बाद नारी का अपमान करने वाले अपने नेताओं के कलंकित बेटों को संरक्षण देने का काम कर रही है। तंवर ने कहा कि वेदों में श्लोक है ‘यत्र नार्यस्तु पूज्यन्ते रमन्ते तत्र देवता’ जिसका अर्थ है ‘जहां नारी की पूजा होती है वहां भगवान का वास होता है’ लेकिन भाजपा नेताओं ने नारी का अपमान कर देवताओं का भी अपमान किया है।