उच्चतर शिक्षा विभाग ने यूजीसी के दिशानिर्देश को ध्यान में रखते हुए कॉलेजों को खोलने के लिए खाका तैयार किया है। शुरुआत में पीजी और यूजी के अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों और शोधार्थियों को नियमित कक्षाओं के लिए बुलाया जाएगा। अगर कॉलेज में नियमित कक्षाएं सुचारू रूप से चल पाती हैं तो बाद में अन्य विद्यार्थियों को दिसंबर के पहले हफ्ते में बुलाने की योजना है।
ये रहेंगे दिशानिर्देश
- एक बार मे 50 प्रतिशत विद्यार्थियों को बुलाने की अनुमति होगी।
- लोकल (ट्राइसिटी के) विद्यार्थियों को पहले बुलाया जाएगा।
- अगर हालात ठीक रहते हैं तो बाहरी जगह के विद्यार्थियों की कक्षाओं पर विचार किया जाएगा।
- कॉलेजों ने अपनी अलग एसओपी भी तैयार की है।
- रेगुलर विद्यार्थियों की कक्षाएं शुरू होने पर सभी शिक्षक कॉलेज आएंगे। अभी कई जगह रोटेशनल बेसिस पर शिक्षक कॉलेज आ रहे हैं।
- घर मे रहने वाले विद्यार्थियों को ऑनलाइन कक्षा के जरिए पढ़ाया जाएगा।
- पहले सेमेस्टर के विद्यार्थियों को सबसे अंत में कॉलेज बुलाया जाएगा।
- कॉलेज की तरफ से परिसर में किसी तरह के सांस्कृतिक कार्यक्रम के आयोजन की अनुमति नहीं होगी।
- कॉलेज में सामाजिक दूरी का पालन हो सके, इसलिए सभी विद्यार्थियों की कक्षाओं में आने और जाने के समय में अंतर रहेगा।
- एक कक्षा में 15 से 20 विद्यार्थियों को जगह के अनुसार सामाजिक दूरी के साथ बैठाया जाएगा।