पंजाब के 35 आईएएस और पीसीएस अधिकारियों की चार्ज शीट संबंधी फाइलों के गुम होने के मामले में अभी तक जांच पूरी नहीं हो पाई है।
चंडीगढ़ पुलिस के डीएसपी आशीष कपूर ने मामले की जांच पूरा कर रिपोर्ट दाखिल करने के लिए हाईकोर्ट से कुछ मोहलत मांगी है।
चीफ जस्टिस संजय किशन कौल एवं जस्टिस एजी मसीह पर आधारित खंडपीठ ने मोहलत को स्वीकार करते हुए मामले की जांच जल्द पूरी करने की हिदायत चंडीगढ़ पुलिस को दी।
हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि यह मामला 35 आईएएस और पीसीएस अधिकारियों की चार्ज शीट के गुम होने का है। लिहाजा मामले में गंभीरता बरती जाए।
आरटीआई एक्टिविस्ट एवं अधिवक्ता एचसी अरोड़ा ने इस मामले पर पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है।
याचिका में कहा गया है कि 35 अधिकारियों की चार्जशीट संबंधी फाइलों का गुम हो जाना एक आपराधिक षड्यंत्र नजर आता है।
उन्होंने कहा कि इस मामले में चंडीगढ़ पुलिस ने भी काफी देर के बाद एफआईआर दर्ज की। याचिका में हाईकोर्ट से इस मामले में सीबीआई जांच के निर्देश जारी करने का आग्रह किया था।
हाईकोर्ट के निर्देश के बाद चंडीगढ़ पुलिस के डीएसपी आशीष कपूर के नेतृत्व में मामले की जांच चल रही है। डीएसपी ने पिछले हलफनामे में हाईकोर्ट को बताया था कि पंजाब सरकार के अधिकारी इस मामले में सहयोग नहीं कर रहे।
इस मामले में पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार से जवाब तलब किया है। वहीं, मामले की जांच कर रहे आईएएस अधिकारी जेपीएस पुरी इस संबंध में अवर सचिव योग राज शर्म को दोषी ठहरा चुका है। इन फाइलों में आई आईएएस अधिकारियों और 27 पीसीएस अधिकारियों की थी।