चंडीगढ़। धनतेरस की रौनक ने चंडीगढ़ के बाजारों को चमक से भर दिया है। ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स, बर्तन, मिठाई और सजावट की दुकानें सज-धजकर तैयार हैं। पिछले साल धनतेरस पर 600 करोड़ रुपये का कारोबार हुआ था, लेकिन इस बार जीएसटी स्लैब में छूट और ग्राहकों की बढ़ती भीड़ के चलते 20% उछाल की उम्मीद है। विशेषज्ञों का अनुमान है कि इस बार कारोबार 720 से 750 करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है।
बाजारों में उमड़ी भीड़, पार्किंग की विशेष व्यवस्था
शहर के प्रमुख बाजार सेक्टर 22, 19, 21, 37 और 15 में खरीदारी की रौनक चरम पर है। ग्राहकों की भीड़ चार से पांच गुना बढ़ गई है। सेक्टर 22 में स्कूलों की छुट्टियों के बाद पार्किंग की सुविधा बढ़ाई गई है, ताकि सड़क किनारे वाहनों की अव्यवस्था न हो। चंडीगढ़ व्यापार मंडल के अध्यक्ष संजीव चड्डा ने बताया कि नगर निगम और यातायात पुलिस से त्योहारी सीजन में सुरक्षा और सुविधा के लिए विशेष सहयोग मांगा गया है। पुलिस ने बाजारों में विशेष सुरक्षा व्यवस्था का भरोसा दिया है। साथ ही, 18 से 20 अक्टूबर तक अस्थायी दुकानों के लिए नगर निगम ने अनुमति दी है।
ऑटोमोबाइल में छूट का धमाका
जीएसटी स्लैब में बदलाव ने ऑटोमोबाइल सेक्टर में सबसे ज्यादा रौनक ला दी है। टाटा जैसे ब्रांड्स में 10 लाख रुपये की गाड़ियों पर 80,000 से 87,000 रुपये तक की छूट मिल रही है। इसके अतिरिक्त कंपनियां 15,000 से 20,000 रुपये की विशेष छूट भी दे रही हैं जिससे कुल बचत एक लाख रुपये से अधिक हो रही है। बाइक सेगमेंट में भी 1 लाख रुपये की बाइक पर 6,000 से 7,000 रुपये की छूट ग्राहकों को आकर्षित कर रही है।
सोने-चांदी में निवेश की धूम
सुंदर ज्वैलर्स के मालिक महेंद्र सुराना ने बताया कि सोने और चांदी की कीमतों में उछाल के बावजूद खरीदारी में कोई कमी नहीं है। सोना 1,31,000 रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी 1,95,000 रुपये प्रति किलो तक पहुंच चुकी है। फिर भी, ग्राहक निवेश के लिए उत्साहित हैं। उनका अनुमान है कि धनतेरस पर सर्राफा बाजार में रिकॉर्ड कारोबार होगा।
व्यापारियों की मांग, ग्राहकों की सुविधा
चंडीगढ़ व्यापार मंडल ने त्योहारी सीजन में सुरक्षा और पार्किंग के लिए विशेष इंतजाम की मांग की है। नगर निगम ने अस्थायी दुकानों को अनुमति दी है, जबकि यातायात पुलिस भीड़ प्रबंधन के लिए विशेष टीम तैनात करेगी।