लोगों की लापरवाही के चलते कोरोना संक्रमण की रफ्तार फिर बढ़ गई है। चंडीगढ़ में शनिवार को पांच नए मरीज मिले। स्वास्थ्य विभाग कोरोना के नए स्ट्रेन को लेकर चिंतित है, ऐसे में लोगों की यह लापरवाही खतरनाक साबित हो सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि यह तीसरी लहर को न्योता है। इस हफ्ते अब तक 37 मरीज मिल चुके हैं। बीते दो महीने में छह दिनों में मिले संक्रमितों की यह सबसे बड़ी संख्या है। वहीं, संक्रमण दर शून्य से 0.7 पर पहुच गई है जबकि वर्तमान में सक्रिय मरीजों की संख्या 52 है।
पर्यटन स्थलों सुखना लेक, रॉक गार्डन, पक्षीशाला में शनिवार-रविवार भारी भीड़ उमड़ रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि केस कम होने पर लोगों ने मास्क और शारीरिक दूरी के नियम की अनदेखी शुरू कर दी है, जिससे केस बढ़ रहे हैं। लोग बिना डर के शादी और अन्य समारोह या भीड़भाड़ वाली जगहों पर एकत्रित हो रहे हैं। अगर अब भी नहीं चेते तो चंद ही दिनों में स्थिति गंभीर हो जाएगी। वर्ल्ड हेल्थ एसोसिएशन के सलाहकार डॉ. आरएस बेदी का कहना है कि दक्षिण अफ्रीका समेत कई देशों में नए स्ट्रेन ने आतंक फैला रखा है। ऐसे में एहतियात व बचाव जरूरी है।
पूरी क्षमता के साथ कोविड वार्ड सक्रिय करने के निर्देश
कोरोना की बढ़ती रफ्तार को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने फिर से पूरी क्षमता के साथ कोविड वार्ड सक्रिय करने का निर्देश दे दिया है। जीएमएसएच-16 में सर्जिकल, ईएनटी और अन्य वार्डों को फिर से कोविड में बदलने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। बता दें कि कोरोना के केस कम होने पर प्रशासन ने डेंगू के मरीजों को ध्यान में रखते हुए कुछ दिनों पहले ही आरक्षित वार्ड खोले थे।
कोरोना के 15 मरीज ऑक्सीजन सपोर्ट पर
मौजूदा समय में कोरोना के 52 सक्रिय मरीज हैं। इनमें से 11 पीजीआई के कोविड अस्पताल में ऑक्सीजन सपोर्ट पर जबकि तीन संक्रमित आईसीयू में भर्ती हैं। वहीं जीएमएसएच-16 में दो और जीएमसीएच-32 में दो संक्रमित मरीजों का इलाज चल रहा है। ये चारों भी ऑक्सीजन सपोर्ट पर ही हैं। शुक्रवार सुबह तक इन दोनों अस्पतालों में कोरोना के एक भी मरीज भर्ती नहीं थे।
इस हफ्ते मिले मरीज
इस सप्ताह सोमवार से लेकर शनिवार तक मिले कुल 37 मरीजों में से सोमवार को चार, मंगलवार को पांच, बुधवार को 6, वीरवार को 9, शुक्रवार को आठ और शनिवार को पांच मरीज मिले।