कैबिनेट मंत्री ओपी सोनी ने इस मौके पर मुख्यमंत्री को जानकारी दी कि नए प्लाज्मा बैंकों संबंधी मंजूरी हासिल हो चुकी है और उपकरणों की खरीद के लिए टेंडर जारी किए जा रहे हैं। राज्य में बढ़ रहे मामलों पर चिंता जाहिर करते हुए कैप्टन ने स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू से कहा कि सभी जिला अस्पतालों में संक्रमण के मामूली मामलों वाले मरीजों की देखभाल और इलाज के लिए 10 बेड स्थापित करने का प्रस्ताव तैयार करके भेजा जाए।
स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि ऐसी सुविधा पहले राज्य के सभी सिविल अस्पतालों के लिए प्रस्तावित की थी। मुख्यमंत्री ने डिप्टी कमिश्नरों को बहुत ज्यादा बीमार मरीजों के लिए ट्रशरी स्वास्थ्य संस्थानों में उनकी देखभाल यकीनी बनाने के लिए बेहतरीन तालमेल बैठाने के भी निर्देश दिए। इसके अलावा उन्होंने सबसे अधिक मामलों वाले पांच जिलों में नियुक्त नोडल अफसरों के साथ बेहतर तालमेल से काम करने के निर्देश भी दिए।
डीसी और एसएसपी रात को भी रहें ड्यूटी पर
मुख्य सचिव विनी महाजन ने सुझाव दिया कि सभी फील्ड अफसरों, जिनमें डिप्टी कमिश्नर और एसएसपीज शामिल हों, को अगले दो महीनों के लिए रात के समय भी अपनी तैनाती वाले स्थानों पर ही रहना चाहिए। पंजाब के लिए यह नाजुक समय है, जिस दौरान मामलों के बढ़ने की संभावना है। उन्होंने कहा कि यह उम्मीद की जाती है कि यह अफसर हालात पर हमेशा काबू पाने में सफल होंगे।
कोविड टेस्ट रिपोर्ट भेजने की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए पंजाब के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की तरफ से प्रशासनिक सुधार विभाग के साथ समझौता कर आईसीएमआर पोर्टल पर लैबों की रिपोर्ट अपडेट करने के बाद एसएमएस के जरिए लोगों को भेजी जा रही हैं। यह जानकारी स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू ने दी।
उन्होंने बताया कि संदेश भेजकर सूचित करने की प्रक्रिया पहले ही शुरू हो चुकी है और अब तक 1.37 लाख लोगों को एसएमएस द्वारा नतीजे भेजे गए हैं। यह पहल व्यक्तियों को समय पर टेस्ट के नतीजों की सूचना देने के लिए की गई है। कंटेनमेंट जोनों व हॉटस्पॉट में सैरो-सर्वे की जानकारी देते हुए उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने पांच जिलों में सर्वे करने की योजना बनाई है, जिसके तहत टीमों का गठन कर लिया गया है।
उन्होंने बताया कि पांच जिलों (अमृतसर, लुधियाना, जालंधर, पटियाला और एसएएस नगर) में सर्वेक्षण वाले स्थानों पर 250 व्यक्तियों के नमूने लिए जाएंगे। मंत्री ने कहा कि सिविल सर्जनों को जिलास्तरीय लैब स्थापित करने और प्रत्येक लैब में प्राथमिक जरूरतों के अनुसार साजो सामान का प्रबंध करने के निर्देश जारी किए गए हैं।