शहर के स्टूडेंट्स अब चंडीगढ़ के इतिहास से जुड़े कैपिटल कांप्लेक्स को करीब से जान सकेंगे। यूटी प्रशासन मार्च से आम जनता के लिए इसे खोल देगा। टूरिस्ट कैपिटल कांप्लेक्स के आसपास बनी कई अन्य इमारतों को भी देख सकेंगे।
प्रशासक के सलाहकार विजय कुमार देव ने बताया कि शहर के स्टूडेंट्स ने शायद ही कभी कैपिटल कांप्लेक्स को देखा हो। उन्होंने कहा कि सभी स्कूल और कालेज स्टूडेंट्स के लिए कैपिटल कांप्लेक्स ट्रिप के आदेश जारी किए जाएंगे।
यूटी के गृह सचिव अनुराग अग्रवाल ने बताया कि मार्च तकइसकी सभी तैयारियां पूरी कर ली जाएंगी। यहां पर हर साल गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता दिवस के मौके पर खास इवेंट होते हैं। बता दें कि आतंकवाद के समय से कैपिटल कांप्लेक्स बंद है।
कैपिटल कांप्लेक्स में लगेंगी स्पेशल एलईडी लाइट्स
कैपिटल कांप्लेक्स को प्रशासन टूरिस्ट स्पॉट के तौर पर प्रमोट करेगा। जानकारी अनुसार, कैपिटल कांप्लेक्स और उसके साथ लगती पंजाब एंड हरियाणा विधानसभा की बिल्डिंग पर खास एलईडी लाइट्स लगवाई जाएंगी।
रॉक गॉर्डन के चारों तरफ लाइटें लगवाकर इसे खूबसूरत बनाया जाएगा। भविष्य में कैपिटल कांप्लेक्स पर कई तरह के कार्यक्रम भी आयोजित हो सकेंगे।
कैपिटल कांप्लेक्स कार्बूजिए का मास्टर पीस
सेक्टर-1 स्थित कैपिटल कांप्लेक्स ली कार्बूजिए और उनकी टीम द्वारा तैयार आर्किटेक्ट का मास्टर पीस माना जाता है। कार्बूजिए द्वारा कैपिटल कांप्लेक्स में तैयार ओपन हैंड ह्यूमन बॉडी पर आधारित है।
कार्बूजिए ने कैपिटल कांप्लेक्स को शहर का सिर, सेक्टर-17 स्थित सिटी सेंटर को सिटी हार्ट गार्डन और लेजर वैली को शहर का दिल के तौर पर दर्शाया है।
शहर को बनाएंगे टूरिस्ट डेस्टीनेशन
विजय देव ने बताया कि शहर को टूरिस्ट डेस्टीशन बनाने के लिए कई नए प्रयास किए जा रहे हैं। कैपिटल कांप्लेक्स में एंट्री के लंबे प्रोसेस के कारण विदेशी सैलानी नहीं जा पाते। 40 से 100 के ग्रुप का एंट्री पास बन सकेगा।
विजिटर के साथ सिक्योरिटी गार्ड और एक गाइड भी साथ होगा। दिन में तीन से चार ग्रुप को ही एंट्री पास मिलेगा। इस प्रोजेक्ट में प्रशासन चंडीगढ़ कालेज ऑफ आर्किटेक्चर के स्टूडेंट्स की भी मदद लेगा।